सिविल अस्पताल के पास गंदगी और सड़ांध ने बीमार किया देहरा

हास्पिटल के दोनों किनारे दुर्गंध, बस स्टैंड के टायलट का दूषित पानी करता है नाक में दम

देहरागोपीपुर – देहरा में आयुर्वेदिक सिविल अस्पताल के आसपास बड़ी आफत खड़ी हो गई है। शहर के बीचों-बीच स्थित अस्पताल के दोनों मुख्य किनारे गंदगी से अटे हुए हैं तो बस स्टैंड के सार्वजनिक शौचालय का गंदा पानी और उसके सीवरेज टैंकों की सड़ांध ने लोगों का जीना दूभर कर दिया है। यानी यहां आने वाले लोग एक तरह से बीमारी फ्री में पा रहे हैं। बात यहीं खत्म नहीं होती, यह तमाम गंदगी सीधे ब्यास नदी को मैला कर रही है। ब्यास से होकर यह गंदगी पौंग झील में जा रही है। सिविल अस्पताल की ही बात करें तो यहां रोजाना की ओपीडी सौ का आंकड़ा पार कर लेती है और अस्पताल में दाखिल मरीजों के अटेंडेंट भी काफी संख्या में होते हैं, परंतु शाम को यह दुर्गंध अपना भयानक रूप ले लेती है। इस कारण अकसर मरीज के साथ आए अटेंडेंट शाम होते ही दाखिल रोगी को छोड़ घर चले जाते हैं या फि र मजबूरी में अस्पताल के दोनों तरफ  फैली बदबू से बचने के लिए नाक-मुंह पर रुमाल रख समय व्यतीत कर लेते हैं। देखने में आया है कि लोग शाम होते ही अपने घरों को चले जाते हैं, जबकि अस्पताल परिसर साफ -सुथरा रहता है, लेकिन वातावरण में फैली अकसर सड़ांध कारण लोग शाम होते ही घरों को चले जाते हैं। बताते चलें कि नगर परिषद देहरा द्वारा बस अड्डे पर सुलभ शौचालय बना सालाना ठेके पर देकर चांदी तो कूट रहा है, लेकिन बदले में ठेकेदार और पैसे देकर जाने वाले यात्रियों को आधुनिक सुविधा के नाम पर सिवाय कुछ नहीं है, अगर सुलभ शौचालय के पिछली तरफ  सरसरी निगाह भी दौड़ाए तो गंदगी को समेटने के नगर परिषद ने कोई पुख्ता इंतजाम नहीं किए हैं। यहां अस्पताल के साथ साथ राजकीय कालेज, हाई स्कूल भी पचास कदम की दूरी पर स्थित है। लोग दर्जनों बार शिकायत कर चुके है, लेकिन विभाग अभी तक इस समस्या का समाधान नहीं कर पाया है दुकानदार पंकज ने नाले की इस बदबू के सामाधान की मांग नगर परिषद् से मांग की है। पूर्व पार्षद और देहरा के अधिवक्ता अमित राणा ने कहा कि नगर परिषद को यह सब आधुनिक तरीके से इस का समाधान करना चाहिए।

प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने जांचा चांगर नाला

सुंदरनगर— प्रदूषित हो चुके चांगर नाले का निरीक्षण करने शनिवार को प्रदूषण बोर्ड की टीम ने सुंदरनगर में दबिश दी और स्थिति का जायजा लिया। टीम में बोर्ड के एक्सईएन ने इस दौरान नगर परिषद व बीबीएमबी प्रबंधन को व्यवस्था को ठीक करने के निर्देश दिए। जल्द ही चांगर नाले की बदबू से जनता को निजात मिलेगी।  अब देखना यह बाकी होगा कि कब तक नाले की गंदगी की समस्या का हल होता है।

You might also like