राज्य में खेल मैदानों की बर्बादी क्यों?

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं धर्मशाला का पुलिस मैदान खेल विभाग व पुलिस के बीच होने के कारण यहां पर नया तो कुछ हो नहीं पाया, उल्टा साथ लगती बास्केट फील्ड पर पुलिस के आला अधिकारी की रिहायशी कोठी जरूर बन गई है। पहाड़…

राज्य में खेलों की जिला प्रतियोगिताएं क्यों नहीं?

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं हिमाचल प्रदेश में अधिकतर खेल संघ अपनी जिला स्तरीय खेल प्रतियोगिता केवल कागजों में ही करवा कर उस मामूली से अनुदान को जरूर प्राप्त कर लेते हैं। फुटबाल, एथलेटिक में कई जिलों में तो…

प्रदेश में रहकर क्यों नहीं आ रहे उत्कृष्ट परिणाम

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं राज्य में धर्मशाला व बिलासपुर खेल छात्रावासों के कारण कबड्डी में हिमाचल को राष्ट्रीय ही नहीं अपितु अंतरराष्ट्रीय स्तर के विजेता खिलाड़ी मिले हैं। इस सबके पीछे खेल छात्रावासों में…

हिमाचल कब बना रहा है हरियाणा जैसी खेल नीति

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं हरियाणा में खेलों के लिए काफी कुछ हुआ। वर्ष 2010 के राष्ट्रमंडल खेलों के समय तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपिंद्र सिंह हुड्डा ने पदक विजेताओं के लिए करोड़ों तक नकद इनाम तथा सरकारी नौकरियों में…

हिमाचल में खेल वातावरण कब तक

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं राज्य में खेल संस्थान की मांग पिछले एक दशक से हो रही है, ताकि उसमें प्रशिक्षण दिलाने वाले प्रशिक्षकों को पंजाब व अन्य राज्यों की तरह अनुबंधित किया जा सके। ये ही यहां खोजे गए किशोर…

राष्ट्रमंडल खेलों में हिमाचली सपूत का पदक

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं राष्ट्रीय टीम  के हिमाचल प्रदेश से विकास ठाकुर एकमात्र खिलाड़ी हैं, जो 2018 राष्ट्रमंडल खेलों में भाग लेकर देश के लिए पदक जीत चुके हैं। अन्य राज्यों की तरह हिमाचल को भी चाहिए कि वह अपने…

खेलों में कब आएगी लोकतंत्र की बहार

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं देश में खेलों के पिछड़ने का बहुत बड़ा कारण खेल संघों पर लगातार कई टर्म तक व्यक्ति विशेष का कब्जा भी एक प्रमुख कारण है। पहली टर्म में तो ये पदाधिकारी काफी रुचि दिखाते हैं, मगर बाद में…

ड्रिल के पीरियड में निकलेंगे भविष्य के खिलाड़ी

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक राज्य के विद्यालयों में लाखों विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। प्रातःकालीन सभा व ड्रिल के पीरियड में अगर हर विद्यार्थी के बैटरी टेस्ट तथा फिटनेस कार्यक्रम पर ध्यान दिया जाता है, तो भविष्य के…

खेल प्रतिभाओं को कब मिलेगा वांछित सम्मान

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं भारतीय सेना में भर्ती होकर वहीं पर सेना के वैपनों से शूटिंग के गुर सीखते हुए विजय कुमार ने भारत का प्रतिनिधित्व कई बार अंतरराष्ट्रीय स्तर की महत्त्वपूर्ण शूटिंग प्रतियोगिताओं में करके…

खेलों में महिलाओं के मुकाम को सलाम

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं बिलासपुर की स्नेहलता एशियाई बीच खेलों में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली हैंडबाल की पहली महिला खिलाड़ी रही हैं। राज्य शिक्षा विभाग में राजनीति शास्त्र के प्रवक्ता पद पर नौकरी करने वाली…

खेल प्रतियोगिताओं के लिए हो बजटीय प्रावधान

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं खंड स्तर पर प्रतियोगिता आयोजित करवाने के लिए धन का कोई भी प्रावधान नहीं है, जबकि इस स्तर पर अधिक से अधिक प्रतिनिधित्व की जरूरत है। सरकार बजट में खंड स्तर से लेकर राज्य स्तर तक विभिन्न…

पदक विजेताओं को मिले वजीफे का सहारा

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं सरकार आगामी बजट में गैर सरकारी प्रयासों से पदक विजेता खिलाडि़यों, जो किसी खेल छात्रावास में नहीं रहे हैं, उनके लिए उचित वजीफे का प्रबंध करे। साथ ही साथ सरकार खेल तथा शिक्षा विभाग के…

खेल प्रतिभाओं का संरक्षक बने बजट

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं सरकार को बजट में कुछ ऐसे वित्तीय प्रावधान करने चाहिएं कि बच्चे स्कूली स्तर पर पर्याप्त वजीफे से अपनी तैयारी करके केंद्र सरकार की योजनाओं के लिए चयनित हो सकें। कोशिश होनी चाहिए कि किसी…

कबड्डी में हिमाचल को पहला स्वर्ण पदक

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं 65वीं वरिष्ठ राष्ट्रीय कबड्डी प्रतियोगिता में हिमाचल की बालाओं ने पहली बार किसी भी वरिष्ठ राष्ट्रीय प्रतियोगिता का टीम स्वर्ण पदक जीत कर हिमाचल को गौरव दिलाया है। इस टीम की अधिकांश…

रूसा की बाधा पार करने के करीब खेल

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं पहले अधिकतर खेल प्रतियोगिताएं अक्तूबर से जनवरी तक होती थीं। इसी वक्त पहले, तीसरे व पांचवें सेमेस्टर की परीक्षाएं भी आयोजित होती थीं। अब जब परीक्षा अपै्रल में एक बार होगी, तो…