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विवेकानंद : विश्व नेतृत्व को भारत के गुरु

प्रो. एनके सिंह लेखक, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के पूर्व चेयरमैन हैं आज जरूरत इस बात की है कि हम स्वामी विवेकानंद के मूल्यों को अपनाएं और भारत की महानता के लिए उनके द्वारा सुझाए गए मार्ग को समझें। वह एक ऐसे आध्यात्मिक नेता हैं, जो भारत की…

रूसा की बाधा पार करने के करीब खेल

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं पहले अधिकतर खेल प्रतियोगिताएं अक्तूबर से जनवरी तक होती थीं। इसी वक्त पहले, तीसरे व पांचवें सेमेस्टर की परीक्षाएं भी आयोजित होती थीं। अब जब परीक्षा अपै्रल में एक बार होगी, तो विद्यार्थियों…

मोदी, तोगडि़या और तख्त

पीके खुराना लेखक, वरिष्ठ जनसंपर्क सलाहकार और विचारक हैं सन् 2008 में मोदी जब गुजरात के मुख्यमंत्री थे तो राज्य में अवैध मंदिरों को गिराया गया था, जिससे नाराज होकर तोगडि़या ने मोदी के विरुद्ध बोलना शुरू किया। वह दरार समय के साथ-साथ बढ़ती चली…

बड़ी बातें नहीं, स्पष्ट इरादे चाहिएं

राकेश शर्मा लेखक, जसवां, कांगड़ा से हैं आर्थिक हालात को ठीक करने के लिए केवल बातों की नहीं, बल्कि मजबूती के साथ धरातल पर काम करने की जरूरत है। एक समृद्ध प्रदेश के निर्माण के लिए आज से ही सरकार को कुछ ठोस निर्णय लेने की जरूरत है, ताकि आने…

कायदे और कारगुजारी का अंतर

वीरेंद्र पैन्यूली लेखक, स्वतंत्र टिप्पणीकार हैं जिस दिन से देश आजाद हुआ, हर नेता तो यही कहता आता है कि अधिकारियों को फाइलों तक ही सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि जमीनी हकीकत जानने के लिए जनता के बीच जाना चाहिए। किस जिला अधिकारी की यह…

जनसंख्या विस्फोट से दबाव में संसाधन

कुलभूषण उपमन्यु लेखक, हिमालय नीति अभियान के अध्यक्ष  हैं आबादी बढ़ने से संसाधनों की खपत बढ़ती है, पर प्राकृतिक संसाधन सीमित मात्रा में उपलब्ध हैं। आबादी वृद्धि की कोई सीमा नहीं है। आबादी  वृद्धि से प्रति व्यक्ति भूमि की उपलब्धता घटते-घटते…

जमीनी भ्रष्टाचार पर प्रहार जरूरी

डा. भरत झुनझुनवाला लेखक, आर्थिक विश्लेषक एवं टिप्पणीकार हैं कौटिल्य ने कहा था कि सरकारी कर्मियों द्वारा राज्य के राजस्व की चोरी का पता लगाना उतना ही कठिन है, जितना इस बात का पता लगाना कि तालाब की मछली द्वारा कितना पानी पिया गया। उन्होंने…

अधोसंरचना विकास से निखरेगा पर्यटन

अनुज कुमार आचार्य लेखक, बैजनाथ से हैं पर्यटकों को सुविधाओं से सुसज्जित आवास, गुणवत्तायुक्त भोजन के अलावा सैर सपाटे के लिए साफ-सुथरी गाडि़यां उपलब्ध करवाना समय की मांग है। हमें ध्यान रखना होगा कि पर्यटकों को बेहतर सड़क, संचार, सुरक्षा तथा…

हैंडबाल का हिमाचल चैंपियन

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने अंतर विश्वविद्यालय खेलों में अखिल भारतीय स्तर पर अपना पहला व्यक्तिगत स्वर्ण पदक तो भवानी अग्निहोत्री के द्वारा 1980 में ही जीत लिया था, मगर टीम स्पर्धा में…

राष्ट्रगान सम्मान की अस्पष्ट नीति

कुलदीप नैयर लेखक, वरिष्ठ पत्रकार हैं सुप्रीम कोर्ट ने व्यवस्था दी कि कोई भी ऐसा कानून नहीं है जो राष्ट्रगान को अनिवार्य बनाता हो। अगर राष्ट्रगान बजने के दौरान कोई इसे गाता नहीं है, तो यह अपराध नहीं है। परंतु कोर्ट ने राष्ट्रगान के दौरान…

निर्भीक सैन्य निष्ठा को नमन !

प्रताप सिंह पटियाल लेखक, घुमारवीं, बिलासपुर से हैं किसी देश की ताकत उसकी सेना होती है। सेना मजबूत होगी, तो दुश्मन भी उस देश की तरफ आंख उठाने से पहले सौ बार सोचेगा। हमारा देश तो 15 अगस्त, 1947 को आजाद हो गया, पर हमारी सेना को असल स्वतंत्रता…

राजनीतिक भीख नहीं तपोवन सत्र

सुरेश कुमार लेखक, योल, कांगड़ा से हैं माननीय विधायक अगर वाकआउट करें, तो खर्च का हिसाब लगाना वाजिब है, लेकिन सदन में सत्र के दिन बढ़ें तो लोकतांत्रिक प्रासंगिकता बढ़ती है। अतः तपोवन में विधानसभा का ताप बढ़ाने के लिए सत्र की अवधि में विस्तार…

हत्याकांड को दंगा बताने की साजिश

डा. कुलदीप चंद अग्निहोत्री लेखक, वरिष्ठ स्तंभकार हैं सिख समुदाय के सदस्यों को अमानवीय तरीके से मारा जाता रहा और उनको मारने वाले उन्मादी उस वीभत्स कांड पर नाचते रहे। बहुत ही होशियारी और एक सोची-समझी साजिश के तहत इस हत्याकांड को हिंदू-सिख…

हिमाचली सियासत में नाटकीय बदलाव

प्रो. एनके सिंह लेखक, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के पूर्व चेयरमैन हैं हिमाचली राजनीति में बड़ा बदलाव आया है, जिसकी किसी ने कल्पना तक नहीं की थी। ऐसा बदलाव प्रदेश के इतिहास में पहले कभी नहीं हुआ। भाजपा चुनाव जीत गई, लेकिन उसके लिए स्थिति…

विवेकानंद ने स्वाभिमान से जीना सिखाया

शांता कुमार लेखक, कांगड़ा-चंबा से सांसद हैं विश्व इतिहास में ऐसा कोई उदाहरण नहीं है, जहां किसी ने मोक्ष प्राप्त करने के लिए घर-बार छोड़ दिया और फिर उसी मोक्ष को मातृभूमि की सेवा के लिए छोड़ दिया। ऐसे त्यागी और तपस्वी स्वामी विवेकानंद जी के…
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