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कृषि हेल्पलाइन


कृषि हेल्पलाइन

स्वाद बिगड़ने से पूर्व तोड़ लें फल

फल मक्खी का समन्वित प्रबंधनः ऐसे फलों को छोड़कर जिनमें समय से पहले कटाई करने पर स्वाद बिगड़ने की संभावना हो, परिपक्वता की अगेती स्थिति में कटाई कर लेनी चाहिए। फलों को सही समय पर सही प्रकार से तोड़ लेना चाहिए। बाग की स्वच्छता का विशेष ध्यान रखना बहुत जरूरी है। सड़े-गले फलों तथा बागों में जमीन पर आधे पके फलों को एकत्रित करके जमीन में डेढ़ फीट गहराई में दबा दें।

फल पौधें के बागों में गहरी जुताई करने से जमीन के अंदर पाए जाने वाले प्यूपा ऊपर आ जाते हैं तथा सूर्य की रोशनी व परभक्षी चिडि़यों द्वारा खाकर नष्ट कर दिए जाते हैं।

फलों के बागीचों में तुलसी रोपें तथा नर फल मक्खी के नाश के लिए उस पर 15-18 दिनों के अंतराल पर फेन्थियॉन पांच मिलीलीटर दवा को दस लीटर पानी में मिलाकर छिड़कें।

आम, चीकू तथा अमरूद के बागीचों में फल मक्खी के नियंत्रण के लिए उपरोक्त दवा का छिड़काव करें।

बेर की फल मक्खी के नियंत्रण के लिए फेन्थियॉन पांच मिलीलीटर अथवा मैलाथियॉन 50 ईसी दवा पांच मिलीलीटर का दस लीटर पानी में घोल बनाकर छिड़काव करें।

फलदार पौधों में फल मक्खी को नियंत्रित करने के लिए उन्हें आकर्षित करके मारा जा सकता है। इसके लिए ‘नर बंधकरण तकनीक’ का प्रयोग किया जाता है। इसमें मिनरल वाटर की बोतल (खाली) में मिथाइल यूजीनोल नामक नर आकर्षक पैरा-फिरोमोन में डूबे प्लाईवुड के टुकड़ों का प्रयोग किया जाता है। इस विधि से फल मक्खी को आकर्षित करने वाले ट्रैप निम्न विधि से तैयार किए जाते हैं।

12 मिलीलीटर मोटाई वाले प्लाईवुड के 5×5 सेंटीमीटर आकार के टुकड़े तैयार करें। कांच की तीन लीटर की बोतल में 600 मिलीलीटर ईथर+400 मिलीलीटर मिथाईल यूजीनोल +100 मिलीलीटर डाईक्लोरोवास अथवा मैलाथियॉन दवा को आपस में मिलाकर उनका मिश्रण बनाएं। इस मिश्रण में प्लाई बोर्ड के टुकड़ों को डुबोकर बोतल का ढक्कन बंद कर दें। एक सप्ताह तक टुकड़ों को डुबोकर रखने से एक  टुकड़ा करीब 15-16 मिलीलीटर मिश्रण चूस लेता है। अतः इस मिश्रण से 70-75 मिथाईल यूजीनोल युक्त टुकड़े तैयार कर सकते हैं।

क्रमशः

डा. दीपक कुमार, जैन

डा. एएस जोधा

डा. बीएल धाकड़

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May 23rd, 2017

 
 

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May 16th, 2017

 

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May 9th, 2017

 

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भंवरा पालन तकनीक एवं फसलों के परपरागण में उपयोगिता भंवरा एक वन्य कीट है, जो कृत्रिम परपरागण क्रिया में सहायक है, विदेशों जैसे कि यूरोप, उत्तर अमरीका, हॉलैंड, चीन, जापान, तुर्की, कोरिया आदि में भंवरा पालन बड़े पैमाने में व्यावसायिक तौर पर किया जाता है। […] विस्तृत....

April 18th, 2017

 

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फफूंद व जीवाणु नाश को छिड़कें बोर्डो घोल पर्वतीय क्षेत्रों के किसानों-बागबानों के लिए बोर्डो मिश्रण अथवा बोर्डों घोल एक जाना-पहचाना नाम है। फलदार पौधों तथा सब्जियों के लिए यह रामबाण औषधि के नाम से जाना जाता है। इस मिश्रण का आविष्कार फ्रांस के बोर्डो […] विस्तृत....

April 11th, 2017

 

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April 4th, 2017

 

सेब के गीले पौधों पर दवाई का छिड़काव न करें

मार्च के महीने में सेब बागबान ही स्प्रे आयल या हॉर्टिकल्चरल मिनरल आयल छिड़कने में व्यस्त रहते हैं। इसका स्प्रे विशेषकर सैनजो स्केल को मारने के लिए किया जाता है। यह सेब का एक प्रमुख हानिकारक कीट है। इससे कम प्रकोपित पौधों की छाल पर […] विस्तृत....

March 28th, 2017

 

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March 21st, 2017

 

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ठंड में न दें पौधों को ज्यादा पानी सब्जियों के सफलतापूर्वक उत्पादन के लिए बीज और पौध का बीमारी तथा कीट रहित होना अनिवार्य है। अधिकांश सब्जियों की आमतौर पर सीधी बुआई की जाती है, परंतु कुछ सब्जियां जैसे कि टमाटर, बैंगन, शिमला मिर्च, मिर्च, […] विस्तृत....

February 21st, 2017

 

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February 7th, 2017

 
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