एक बेहतर ऊर्जा विकल्प है बायो गैस

By: Nov 7th, 2013 12:15 am

( कुलभूषण उपमन्यु लेखक, सामाजिक कार्यकर्ता हैं )

इस तकनीक को और भी परिस्थितियों के अनुकूल बनाकर और परिष्कृत करके बड़े पैमाने पर लागू करने की जरूरत है। इससे बहुमूल्य ऊर्जा बेकार जा रहे संसाधनों से प्राप्त होगी, खनिज तेल पर निर्भरता कम होगी, तो विदेशी मुद्रा बचेगी…

1980 के दशक में केंद्र सरकार ने काफी बड़ा कार्यक्रम चलाकर देश में लाखों बायो गैस प्लांट बनवाए थे। इससे पहले भी छिटपुट यह कार्यक्रम चलते रहे हैं, लेकिन खेद है कि गोबर और अन्य कृषि अवशिष्ट से सस्ती रसोई गैस को न सरकारों ने और न ही समाज ने उतनी गंभीरता से लिया। सस्ती एलपीजी इसका एक कारण रहा है। बायो गैस प्लांट में आक्सीजन रहित डाइजेस्टर में गोबर या अन्य जैविक सड़ने वाले पदार्थों, घास, पत्ते, रसोई का अवशिष्ट आदि डालकर एन एरोबिक अपघटन द्वारा मीथेन गैस पैदा होती है, जिसे डाइजेस्टर के ऊपर बनाए गए डोम में इकट्ठा करके पाइप द्वारा रसोई तक ले जाकर विशेष चूल्हे में एलपीजी की तरह जलाकर रसोई बनाई जा सकती है। आज बहुत से पुराने बायो गैस प्लांट बंद पड़े हैं। नए बनाने में भी कोई उत्साह नहीं दिख रहा है। अभी तक दो तरह के बायो गैस प्लांट बनाए जाते रहे हैं। एक कंकरीट डोम वाले और दूसरे तैरते हुए उल्टे ड्रम वाले। कंकरीट डोम में मुख्य समस्या यह थी कि डोम के अंदर गोबर या अन्य जैविक सड़े हुए पदार्थों की परत जम जाती है और डाइजेस्टर में धीरे-धीरे गोबर में मौजूद मिट्टी रेत नीचे जमने लगती है। इससे गैस बनने की क्षमता कम होती जाती है। पूरे प्लांट को खाली किए बिना उसके अंदर घुसना संभव नहीं, डोम में छिद्र आदि होने की सूरत में गैस निकल जाती है, जिसकी मरम्मत काफी कठिन है। इसी तरह दूसरी तरह के तैरते उल्टे ड्रम वाले मॉडल में कुआं रूपी डाइजेस्टर बनाकर धातु का उल्टा ड्रम उसमें डाला जाता है। ड्रम के ऊपर टोंटी लगी रहती है। ड्रम में जमा होने वाली गैस उस टोंटी के रास्ते पाइप लगाकर रसोई तक लाकर उपरोक्त चूल्हे में जला ली जाती है। इसके छेद मरम्मत करना संभव नहीं, इसके लिए बड़े-बड़े ड्रम बनाने पड़ते हैं, जो महंगा मामला भी है, परंतु समय के साथ हालात बदले हैं। एलपीजी काफी महंगी हो गई है, प्रति सिलेंडर 500 रुपए सबसिडी देने के बाद भी लगभग 500 रुपए ग्राहक को चुकाने पड़ रहे हैं। ऐसे में बायो गैस एक सस्ता विकल्प हो सकता है। दो घन मीटर आकार का बायो गैस प्लांट करीब 72 घन फुट मीथेन गैस जमा कर सकता है, जो चार-पांच लोगों के परिवार की दैनिक रसोई पकाने की जरूरत पूरी करने के लिए पर्याप्त है। अब कई नए डिजाइन भी विकसित किए गए हैं, जिनमें से बाला जी बायो गैस प्लांट, सिंटेक्स और आरती अच्छे डिजाइन हैं। बाला जी बायो गैस प्लांट की विशेषता यह है कि इसका डोम कंकरीट के बजाय फाइबर प्लास्टिक का बनाया गया है, जो जरूरत पड़ने पर हटाया जा सकता है। इससे प्लांट की मरम्मत डोम हटा कर आसानी से की जा सकती है, ऊपर से डोम हटाकर गोबर के अतिरिक्त कई तरह के कृषि अवशिष्ट व जंगली खरपतवार भी इसमें डाले जा सकते हैं, जिससे गैस की मात्रा को बढ़ाया जा सकता है। बायो गैस में 65 प्रतिशत मीथेन, 34 प्रतिशत कार्बनडाइआक्साइड व एक प्रतिशत हाइड्रोजन सल्फाइट गैस होती है। सिलेंडर में भरी गई गैस में रसोई बनाने, जेनरेटर चलाकर बिजली बनाने व कार चलाने तक का प्रयोग हुआ है। सिंटेक्स बायो गैस पानी की प्लास्टिक की टंकी जैसा है, इसे जमीन के ऊपर रखकर ही चलाना होता है। आरती भी छोटा, एक घन मीटर का जमीन के ऊपर बनने वाला प्लांट है। इसमें गोबर के बजाय रसोई अवशिष्ट, सड़े गले फल, सब्जी आदि डालकर गैस बनाई जाती है। यह शहरी हालात में भी काम दे सकता है और काफी सस्ता भी है। यह करीब 3500 रुपए में उपलब्ध है। इस तकनीक को और भी परिस्थितियों के अनुकूल बनाकर और परिष्कृत करके बड़े पैमाने पर लागू करने की जरूरत है। इससे बहुमूल्य ऊर्जा बेकार जा रहे संसाधनों से प्राप्त होगी, खनिज तेल पर निर्भरता कम होगी, तो विदेशी मुद्रा बचेगी। पशुओं से अतिरिक्त आय होने से आवारा पशुओं की समस्या सुलझाने में मदद मिलेगी, वातावरण में मीथेन के निस्सारण की मात्रा कम होने से जलवायु परिवर्तन की समस्या के हल में मदद मिलेगी, कई तरह का ठोस कचरा भी जो सड़ने योग्य है, गैस बनाने के काम आ जाएगा, जिससे कचरा प्रबंधन में मदद मिलेगी, कृषि के लिए बायो गैस प्लांट से प्राप्त खाद सामान्य खाद से ज्यादा गुणवत्तापूर्ण होती है, सरकार इसको सबसिडी देकर एलपीजी की लगातार सबसिडी के खर्च को भी बचा सकती है। एक बायो गैस प्लांट छह महीने से तीन साल के भीतर अपनी लागत निकाल देगा और 30 से 50 वर्ष तक काम करता रहेगा।

Himachal List

Free Classified Advertisements

Property

Land
Buy Land | Sell Land

House | Apartment
Buy / Rent | Sell / Rent

Shop | Office | Factory
Buy / Rent | Sell / Rent

Vehicles

Car | SUV
Buy | Sell

Truck | Bus
Buy | Sell

Two Wheeler
Buy | Sell

Polls

विधानसभा के बाहर पेश आए धक्का-मुक्की प्रकरण से क्या हिमाचल शर्मसार हुआ?

View Results

Loading ... Loading ...

Miss Himachal Himachal ki Awaz Dance Himachal Dance Mr. Himachal Epaper Mrs. Himachal Competition Review Astha Divya Himachal TV