लाठीचार्ज पर एसएफआई लाल

NEWSशिमला  —  हिमाचल विधानसभा के बाहर बुधवार को एसएफआई कार्यकर्ताओं पर पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज के विरोध में गुरुवार को प्रदेश भर में छात्रों ने उग्र प्रदर्शन किए। इन प्रदर्शनों के दौरान छात्रों पर पुलिस द्वारा किए गए पथराव और लाठीचार्ज की कड़े शब्दों में निंदा की है। एसएफआई राज्य इकाई के आह्वान पर प्रदेश के चंबा, चुवाड़ी, देहरी, डीएवी कांगड़ा, पालमपुर, बैजनाथ, जोगिंद्रनगर, सरकाघाट, करसोग, हमीरपुर, नादौन, बड़सर, कंजयाण, नाहन, पांवटा , सोलन, संजौली, कोटशेरा, आरकेएमवी, ठियोग, रामपुर, रोहड़ू, आनी, कुल्लू सहित अन्य कालेजों में भी छात्रों ने उग्र विरोध प्रदर्शन किया। वहीं प्रदेश विश्वविद्यालय में भी लाठीचार्ज के विरोध में एसएफआई इकाई ने उग्र प्रदर्शन कर परिसर में प्रशासन और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की व पुलिस के अमानवीय व्यवहार की निंदा की। एसएफआई राज्य कमेटी के राज्याध्यक्ष विवेक राणा का आरोप है कि जब हम शांतिपूर्ण तरीके से विधानसभा के बाहर मांगें मनवाने के लिए प्रदर्शन कर रहे थे तब वहां पुलिस ने एसएफआई कार्यकर्ताओं के साथ गाली गलौज किया व पथराव किया। उसके बाद वहां पर मौजूद प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया, जिसमें 50 से ज्यादा कार्यकर्ताओं को चोटें आईं है। उसके बाद जब कार्यकर्ता उपचार करवाने के लिए अस्पताल पहुंचे तब वहां पर भी घायल छात्रों पर लाठीचार्ज किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों को गिरफ्तार कर बालूगंज पुलिस थाने में ले जाया गया। उसके बाद पुलिस ने एसएफआई के राज्य कार्यालय में जाकर वहां पर मौजूद कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट की व वहां से एसएफआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा. वी शिवादासन को गिरफ्तार करके बालूगंज पुलिस थाने में ले गए व वहां पुलिस हिरासत में सभी साथियों की पिटाई की। इस मारपीट में डा.  वी शिवादासन, राज्य सहसचिव चंद्रकांत वर्मा, राज्य अध्यक्ष पूनीत धांटा आदि को गंभीर चोटें आईं है। इसके साथ ही पुलिस ने हिरासत में लिए गए कार्यकर्ताओं के साथ भी  रात भर मारपीट की। राज्य कमेटी ने चेतावनी दी कि इस मामले की गंभीरता पूर्ण जांच होनी चाहिए।

You might also like