एलईडी लाइटों से जगमगाएगा चंडीगढ़

 ईईएसएल व निगम एनर्जी एफिटेशन के बीज करार, 48000 स्ट्रीट लाइटें बदलेंगे

चंडीगढ़  —  चंडीगढ़ नगर-निगम एनर्जी ऐफिशेट सर्विसेज लिमिटेड, ईईएसएल के मध्य रविवार को शहर की लगभग 48000 स्ट्रीट लाइटों को एलईडी में बदलने के लिए करार हुआ। यह कंपनी सार्वजनिक जल वितरण प्रणाली, नलकूप, सीवरेज व्यवस्था व पंपिंग स्टेशन में बिजली बचाने के उपाय सुझाने के लिए  इन्वेस्टमेंट  ग्रेड एनर्जी आडिट, आईजीईए भी तैयार करेगी। इस अवसर पर महापौर आशा जसवाल की उपस्थिति में कंपनी के एमडी सौरभ कुमार व निगम अधिकारियों के मध्य करारनामे पर हस्ताक्षर हुए। समझौते के अनुरूप कंपनी  मौजूदा पारंपरिक 48000 स्ट्रीट लाइटों को  रिप्लेस करेगी, जिससे निगम के बिजली के बिलों में कमी आएगी। फिलहाल निगम स्ट्रीट लाइटों के बिजली के बिल के रूप में व  12.64 करोड़ रुपए सालाना अदा करता है। ऊर्जा कुशल एलईडी स्ट्रीट लाइट लगने से इस बिल में 50-60 प्रतिशत तक की कमी आएगी। निगम द्वारा किया गया समझौता कंपनी द्वारा देश के अन्य राज्यों में किए गए समझौतों के अनुरूप है। इस परियोजना के तहत इसकी पूरी अवधि तक वित्त, आपूर्ति, इंसटालेशन, ढांचागत सुविधाएं सर्विस एवं रखरखाव व वारंटी रिप्लेसमेंट ईईएसएल द्वारा किया जाएगा। कंपनी के साथ निगम ने सात वर्ष का करार किया है।  सड़कों पर 95 प्रतिशत तक स्ट्रीट लाईटें जलती रहें, यह जिम्मेदारी भी कंपनी की होगी। इसके अतिरिक्त ईईसीएल निगम के क्षेत्र में पुराने लाइटों की पुर्नखरीद सुनिश्चित करेगी। करारनामें के दौरान  ईईएसएल  आग, भूकंप और  चोरी अन्य प्रकार की प्राकृतिक आपदा के दौरान अपग्रेड की स्ट्रीय लाईटों की सुरक्षा की जिम्मेदारी भी होगी। इस परियोजना के लिए कंट्रोल रूम भी ईईएसएल द्वारा ही स्थापित किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि अमृत मिशन की ऊर्जा बचाने की गाईडलाईनस के अनुरूप ईईएसएल को आईजीईए तैयार करने का काम भी दिया गया है। इससे नलकूपों, सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट और पंपिंग स्टेशनों में ऊर्जा दक्षता में सुधार को बढ़ावा मिलेगा। ऊर्जा लेखा परीक्षा और व्यवस्था एसटीपी बनाने के लिए अधिक ऊर्जा कुशल है।  ईईएसएल वित्त पोषण के लिए भी जिम्मेदार होगा।