गेयटी में बिकी 20 लाख की किताबें

 शिमला  —गेयटी थियेटर में आयोजित शिमला पुस्तक मेले में इस बार बीते वर्ष के मुकाबले कम किताबें बिकी हैं। इस बार मात्र 20 लाख रुपए की किताबें ही पुस्तक मेले में बिक पाई हैं। मेले में किताबों की बिक्री कम होने से प्रकाशक निराश हैं। इस वर्ष का आंकड़ा बीते वर्ष से कहीं कम रहा, जिसकी वजह से पुस्तक मेले की रौनक भी कम हुई। पुस्तक मेले में बीते वर्ष  65 लाख रुपए की किताबें बिकी थीं। गेयटी थियेटर हाल में ओेकार्ड इंडिया ट्रस्ट दिल्ली, हिमाचल अकादमी और हिमालय साहित्य एवं संस्कृति मंच के सहयोग से पुस्तक मेला 25 जून से शुरू किया गया था। ओकार्ड इंडिया ट्रस्ट दिल्ली के संयोजक सचिन कुमार का कहना था कि शिमला पुस्तक मेले में प्रदेश सरकार व विभाग के पुस्तकालयों से किसी भी तरह का सहयोग नहीं मिला, जिससे काफी निराशा हुई है। सचिन कुमार ने कहा कि 60 स्कूलों में उन्होंने पुस्तक मेले से पहले दौरा किया था, लेकिन पुस्तक मेले में दो या तीन स्कूलों के छात्र ही आए। उन्होने कहा कि देशभर से करीब 25 प्रकाशकों ने शिमला पुस्तक मेले में 20 से 50 फीसदी छूट भी दी थी, लेकिन विभागों के पुस्तकालयों से इस बार कोई खरीददारी नहीं की गई। हालांकि पुस्तक मेले में स्थानिय लोगों और पर्यटकों ने काफी खरीददारी की। मेले में इस बार बीते वर्ष के मुकाबले में प्रकाशक भी कम ही आए थे। ऐसे में जो किताबें पहले इस पुस्तक मेले में आती थीं, वे किताबें इस बार न मिलने से पाठक भी निराश दिखे। गौर हो कि पुस्तक मेले  में इस बार हिमाचली लेखकों का भी एक स्टॉल लगाया गया था। इसमें हिमाचली लेखकों की किताबों को लेकर अच्छा रुझान दिखने को मिला।

You might also like