एजुकेशनल हब ने दिया प्रदेश को टॉपर

हमीरपुर—स्कूल शिक्षा बोर्ड 12वीं के परीक्षा परिणामों में मायूस करने वाले प्रदेश के सबसे साक्षर जिला हमीरपुर का दसवीं का रिजल्ट सुखद रहा है। सुखद इसलिए भी क्योंकि इस बार दसवीं की परीक्षा में पेपर देने बैठे करीब सवा लाख विद्यार्थियों में से प्रथम स्थान पाने वाला छात्र हमीरपुर जिला का है। दिलचस्प बात यह है कि 98.71 प्रतिशत अंक लेकर प्रथम स्थान हासिल करने वाला अथर्व ठाकुर एक ऐसे स्कूल का छात्र है जो कि ग्रामीण परिवेश में स्थित है। यही नहीं, ग्रामीण स्कूल के इस स्कूल से अथर्व के अलावा टॉप टेन की लिस्ट में दो और छात्राएं आई हैं, जिनमें एक ने तीसरा जबकि दूसरी ने सातवां स्थान हासिल किया है। ये तीनों स्टूडेंट्स गीतांजलि पब्लिक स्कूल धनेटा के हैं। दसवीं कक्षा में जिलाभर से मैरिट में स्थान पाने वाले छात्रों की संख्या इस बार भी वर्ष 2018 की भांति छह रही है। पिछली बार की तरह इस बार भी पांच छात्राएं और एक छात्र है। सुखद बात यह है कि एजुकेशन का हब कहे जाने वाले इस जिला ने प्रदेश को टॉपर भी दिया है। इस बार जितने भी स्टूडेंट्स दसवीं की मैरिट लिस्ट में हमीरपुर जिला से आए हैं, वे सब प्राइवेट स्कूलों से हैं। यूं कहें तो सरकारी स्कूलों से एक भी छात्र या छात्रा मैरिट में जगह नहीं बना पाई है। जिलाभर में करीब 161 स्कूल सरकारी है, जिनमें 94 सीनियर सेकेंडरी और 67 उच्च विद्यालय हैं। इनमंे से एक भी छात्र या छात्रा मैरिट में स्थान नहीं बना पाए, जबकि पिछली बार सरकारी स्कूल से दो मैरिट आई थीं। विदित रहे कि अभी हाल ही में आए जमा दो के परीक्षा परिणाम प्रदेश के सबसे साक्षर जिला हमीरपुर मे निराशाजनक रहे थे। जमा दो में मात्र छह स्टूडेंट्स ही मैरिट में आए थे जो कि 2018 की तुलना में बहुत कम थे। इस बार जमा दो में एक भी छात्र हमीरपुर से टॉप में जगह नहीं बना पाया था, जबकि पिछली बार साइंस और कला संकाय से टॉप करने वाले दोनों विद्यार्थी हमीरपुर से थे। एजुकेशनल हब का खिताब पाने वाले इस जिला के स्कूलों और खासकर शिक्षकों को इस बारे गंभीरता से सोचना होगा।

हर बार एक मैरिट देता है गीतांजलि स्कूल

दसवीं कक्षा में प्रदेश को टॉपर और तीन मैरिट देने वाला गीतांजलि पब्लिक स्कूल धनेटा हर साल अपने स्कूल से एक या दो मैरिट देता रहता है। ग्रामीण परिवेश का यह स्कूल शहर के बड़े-बड़े स्कूलों के लिए एक रोल मॉडल है । इस बार इस स्कूल से 20 छात्र दसवीं की परीक्षा में बैठे थे और सभी अच्छे नंबरों से पास हुए हैं।

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