सवाल! बिना परमिट कैसे आई शराब

गगरेट—स्टेट टैक्स एंड एक्साइज विभाग की नाक तले गगरेट पुलिस द्वारा चलेट स्थित शराब के ठेके से सटे एक हाल से अनाधिकृत तरीके से रखी गई शराब की करीब साढ़े तीन सौ बाक्स पकड़ने के बाद स्टेट टैक्स एंड एक्साइज विभाग की कार्यप्रणाली कठघरे में है। हालांकि वैध तरीके से जिले में संचालित किए जा रहे शराब के ठेकों पर शराब की खेप बिना परमिट पहुंच ही नहीं सकती जोकि संबंधित विभाग द्वारा जारी किया जाता है। ऐसे में सवाल यह है कि आखिर बिना परमिट शराब की इतनी बड़ी खेप यहां पहुंची कैसे। कहीं ऐसा तो नहीं है कि संबंधित विभाग की नाक तले जिले में बड़े पैमाने पर यह गौरखधंधा चला हुआ है? हालांकि आदर्श चुनाव आचार संहिता लागू होने के चलते संबंधित महकमे की टीमें जिले में शराब तस्करी की लगातार निगरानी करने के साथ शराब के ठेकों पर भी बराबर नजर बनाए हुए हैं। ऐसे में अब कहां चूक हुई शायद विभाग से अब यह जवाब देते भी नहीं बन रहा है। चलेट स्थित शराब के ठेके के साथ सटे हाल से बड़े पैमाने पर मिली शराब की खेप के बाद अब कई सवालों ने जन्म ले लिया है। हालांकि उच्च न्यायालय द्वारा हाई-वे पर स्थित शराब के ठेकों पर ऐसी कोई भी जानकारी अंकित न करने की स त हिदायत दी थी जिससे यह पता चल सके कि यह शराब की दुकान है। उच्च न्यायालय द्वारा शराब के ठेके भी इस प्रकार से बनाने को कहा था ताकि बाहर से देखने पर आसानी से पता न चले कि शराब की दुकान है। उच्च न्यायालय का निर्देश आने के बाद कुछ अरसा तक तो सब ठीक ठाक चला लेकिन अब फिर से हाइवे प स्थित शराब की दुकानों पर मोटे-मोटे अक्षरों में ठेका शराब अंकित हो गया है। यही नहीं बल्कि इन ठेकों का बकायदा कोटा निश्चित है और यह कोटा भी बिना विभाग द्वारा जारी किए परमिट के उठाया नहीं जा सकता। शराब के ठेके को खोलने व बंद करने के भी नियम है लेकिन यहां नियमों की अनुपालना हो रही है इस पर संदेह बरकरार है। इस मामले के उजागर होने के बाद अब यह भी जांच का विषय बन गया है कि जिले के शराब के ठेकों पर नियमों अनुसार परमिट के साथ ही शराब की सप्लाई हो रही है या फिर ठेके के मालिक अपनी मर्जी से ही शराब की खेप ला रहे हैं। उधर स्टेट टैक्स एंड एक्साइज विभाग अतिरिक्त उपायुक्त राज कुमार वर्मा का कहना है कि रविवार की छुट्टी होने के चलते मामला उनके ध्यान में नहीं है। सोमवार को मामले की जानकारी हासिल करने के बाद ही वह कुछ कह पाएंगे। हालांकि उन्होंने कहा कि शराब के ठेकों की नियमित जांच हो रही है। जहां पर हाइवे पर स्थित शराब के ठेकों पर ठेका शराब अंकित करने का मामला है तो इसका भी वह पता करवाएंगे।

You might also like