कुल्लू-मनाली में सैलानियों का मेला

भुंतर—लोकसभा चुनावों के निपटने के बाद मैदानों की तपिश के बीच सैलानियों का मेला कुल्लू-मनाली में लगने लगा है। पिछले कुछ दिनों से जिला में बाहरी राज्यों से आने वाले सैलानियों की संख्या में इजाफा होने लगा है। लिहाजा, आने वाले करीब दो माह तक कुल्लू की वादियों में देश-विदेश के मेहमानों की रौनक रहेगी। हालांकि सैलानियों की संख्या में इजाफा होने से कुल्लू की सड़कों पर जाम भी लगने लगा हैं। जिला के पर्यटन की धुरी भुंतर-बजौरा में वाहनों के पहिए और ज्यादा जाम होने लगे हैं और जाम को हटाने में पुलिस की टीम भी कम पड़ने लगी है। जाम के कारण स्थानीय लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बता दें कि कुल्लू-मनाली गर्मियों के लिए सबसे ज्यादा डेस्टीनेशन माना जाता है। यहां पर करीब 15 से 20 लाख तक सैलानी हर साल गर्मियों के तीन से चार माह में ही आते हैं। मनाली में सबसे ज्यादा सैलानी हाल ही के सालों में गए हैं तो इसके बाद पार्वती घाटी सैलानियों की सबसे ज्यादा पसंद रही है। मणिकर्ण में गर्मी में गर्म पानी में डूबकी का अनोखा एहसास सैलानियों को होता है। इसके अतिरिक्त यहां पर साहसिक गतिविधियों के लिए भी सबसे अधिक सैलानी उमड़ते हैं। इस बार चुनावों के कारण अप्रैल और मई में कई सैलानी यहां पर पहुंच नहीं पाए और इस दौरान यहां होटलों में भी रौनक कम देखने को मिली लेकिन अब चुनाव निपटने के बाद होटल भी पूरी तरह से पैक हो गए हैं। जिला प्रशासन ने पर्यटक सीजन को देखते हुए विशेष निर्देश भी जारी किए हैं। पुलिस विभाग ने सैलानियों की सुरक्षा और जाम से निपटने के लिए थानों को निर्देश जारी कर व्यवस्था दुरुस्त करने को कहा है। जिला के भुंतर में लगातार लग रहे जाम के बाद स्थानीय लोगों ने प्रशासन से यहां पर विशेष व्यवस्था बनाने को कहा है। सोमवार को भुंतर में सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में भी यह मुद्दा उठा और पुलिस ने इस बारे में विशेष कदम उठाने का भरोसा दिलाया है। पार्वती वैली होटल संघ के प्रधान किशन ठाकुर के अनुसार सैलानियों की संख्या बढ़ने लगी है और होटलों में भी इन्हे विशेष रियायत मिल रही है। बहरहाल, चुनावों के निपटने के बाद कुल्लू-मनाली में सैलानियों का मेला लगने लगा है।

You might also like