बीआर धीमान पीडब्ल्यूडी में ईएनसी के पद पर काबिज

शिमला —विकट परिस्थितियों को झेल कर जीवन की हर चुनौती को पार पाकर बिलासपुर जिला के एक छोटे से गांव का होनहार पीडब्ल्यूडी में टॉप पॉजिशन पर पहुंच गया है। बिलासपुर-हमीरपुर सीमांत पर स्थित  लैहड़ी सरेल गांव के बीआर धीमान लोक निर्माण विभाग में ईएनसी पद पर तैनात हो गए हैं। उनके पास ईएनसी प्रोजेक्ट्स का दायित्व रहेगा। इसमें नेशनल हाईवे तथा परियोजनाओं के अलावा लोक निर्माण विभाग की गुणवत्ता को जांचने का जिम्मा रहेगा। अहम है कि बीआर धीमान के माता-पिता ने स्कूल का दरवाजा तक नहीं देखा था, लेकिन बेटा प्रदेश का सबसे बड़ा इंजीनियर बन गया है। बीआर धीमान की काबिलियत का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि उनका बेटा अमरीका के कैलिफोर्निया में सबसे बड़ा इन्वायरन्मेंट इंजीनियर है। ईं. धीमान की बेटी ने आईआईटी में देशभर में अपनी काबिलियत का लोहा मनवाया है।  लोक निर्माण विभाग में ईएनसी प्रोजेक्ट के पद पर पहुंचे ई. बीआर धीमान की प्रारंभिक शिक्षा घुमारवीं के डुमैहर प्राथमिक विद्यालय से हुई। घुमारवीं के दूरदराज गांव लैहड़ी सरेल से ताल्लुक रखने वाले ईं. धीमान का संघर्षभरा जीवन रहा है। उन्होंने राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज बिलासपुर से इंजीनियरिंग की और इसके बाद लोक निर्माण विभाग में आ गए। उनकी लोक निर्माण विभाग में बतौर जेई वर्ष 1984 में तैनाती हुई। विभाग में उनकी पहली ज्वाइनिंग सुंदरनगर में हुई थी, जिसके बाद वह सहायक अभियंता के पद पर वर्ष 1993 में धर्मशाला में रहे। धीमान को फील्ड का अच्छा खासा अनुभव है जो प्रदेश के कई क्षेत्रों में सेवाएं दे चुके हैं। ग्रामीण क्षेत्रों की सड़कों से उनका खासा वास्ता रहा है। उन्होंने सहायक अभियंता के रूप में धर्मशाला के बाद रोहडू के टिक्कर में भी सेवाएं दी हैं जहां पर वह पांच साल तक कार्यरत रहे। 1998 में समीरपुर सब डीवीजन में काम किया वहीं वर्ष 2002 में एक्सईएन धर्मपुर के पद पर रहे। इसके बाद उन्होंने डलहौजी, बिलासपुर, सोलन व शिमला मुख्यालय में भी अपनी सेवाएं दी हैं।  2012 में धीमान को एसई के पद पर  हमीरपुर जोन का  काम मिला, जिसे उन्होंने बखूबी निभाया और 2014 में वह चीफ इंजीनियर के पद पर तैनात किए गए। उन्होंने चीफ इंजीनियर प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना में काम किया, वहीं  2016 में चीफ इंजीनियर हमीरपुर के पद पर उनको तैनाती दी गई। वर्तमान में वह यहीं पर तैनात थे, जिसके बाद अब लोक निर्माण विभाग के सर्वोच्च पद पर पहुंचे हैं। उनकी पत्नी वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ब्वॉयज हमीरपुर में टीजीटी आर्ट्स के पद पर तैनात हैं। 

आरके वर्मा ईनएनसी तैनात

शिमला। सरकार ने लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर इन चीफ के पद पर इर्ं. आरके वर्मा की तैनाती की है। उन्हें यह पद पहले की सौंप दिया गया था, लेकिन आचार संहिता के कारण नियमित आदेश नहीं हो सके थे। सोमवार को कार्मिक विभाग ने उनकी इस पद पर तैनाती कर दी है। वह पहले ईएनसी प्रोजेक्ट थे, जिनकी जगह पर धीमान की प्रोमोशन हुई है।

दो अफसर एचएएस कॉडर में

पंचायती राज प्रशिक्षण संस्थान के प्रधानाचार्य विकास जमवाल को एडहॉक आधार पर एचएएस कॉडर में लिया गया है।  उन्हें प्रमोशन देते हए सरकार ने सहायक आयुक्त मंडलायुक्त शिमला के पद पर तैनाती दी गई है। इस पद से वह संदीप सूद को संयुक्त सचिव प्रशिक्षण को भार मुक्त करेंगे। वहीं एचएएस में आने वाले दूसरे अधिकारी बीडीओ संत राम हैं, जिनको भी एडहॉक आधार पर प्रमोट किया गया है। उन्हें सरकार ने आरटीओ कांगड़ा लगाया है। इसका कार्यभार डा.संजय कुमार धीमान देख रहे थे।

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