हाईब्रीड धान बीज की नहीं हुई आरसी

सुंदरनगर -इन दिनों प्रदेश के मंडी, कांगड़ा, हमीरपुर सहित विभिन्न जिलों में धान बीज की नर्सरी देने का कार्य शुरू हो चुका है, लेकिन किसानों को बहुप्रचलित धान की हाईब्रीड किस्म यूएस 312 व अन्य मुख्य किस्मों का बीज अनुदान पर नहीं मिल रहा है। बताया जा रहा है कि उक्त बीजों की आरसी ने होने के कारण बाजार में न तो निजी क्षेत्र मंे और न ही सरकारी क्षेत्र में विपणन हुआ है, जिसके चलते किसानों को निजी दुकानों की ओर रुख करना पड़ रहा है और बिना अनुदान महंगे दामों से बीज खरीदना पड़ रहा है। निजी बीज विके्रता किसानों से मनमाने दाम वसूल कर रहे हंै और चांदी कूट रहे हंै। बल्ह घाटी के अग्रणी किसानों मुरारी लाल, दिनेश, राज कुमार, अमित सेन, सतीश, पुरषोत्तम, शेर सिंह, राजेश सैणी का कहना है कि विभाग मनमर्जी से उन सस्ती किस्मों की खरीद करता है और किसानों को थोपता है, जो प्रचलन से बाहर हो गई हैं या जिन्हें किसान पसंद नहीं करता है। किसान मौजूदा समय में यूएस 312, 6129 गोल्ड, कम अवधि की शाहीभोग व बीएच 21 बासमती, स्विफ्ट गोल्ड, 834 व युएस 323 किस्मों की मांग कर रहे हैं और यह अधिकतर किस्में कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर से भी प्रमाणित हैं, लेकिन विभाग प्रचलन से बाहर हो चुकी पुरानी, सस्ती एकम उत्पादन किस्मों को खरीद कर उन पर सबसिडी दे रहा है, जिसके चलते गरीब किसान मजबूरी में इन्हें खरीदने को मजबूर हैं। किसानों ने प्रदेश सरकार से किसानों की मांग अनुसार बीज उपलब्ध करवाने की मांग की है। कंपनियों ने निर्धारित किए हाइब्रीड धान बीजों के दाम जारी की गाइड लाइन विश्वसनीय दुकानों से खरीदे बीज इस वर्ष विभिन्न कंपनियों ने किसानों के लिए धान बीजों के रेट निर्धारित किए हैं, ताकि किसानों को एक तय मूल्य पर ही बीज उपलब्ध हों और लूट-खसूट से बचाया जा सके। हाइब्रीड यूएस 312, युएस 323 कम अवधि 280 रुपए प्रति किलो, शाहीभोग बासमती 150 रुपए प्रति किलो, बीएच 21 बासमती 330-350 रुपए किलो, 6129 गोल्ड व स्विफ्ट गोल्ड 300 रुपए किलो निर्धारित किए हैं। उधर, शान्या सिंह, क्षेत्रीय प्रबंधक, बायर क्रॉप साइंस ने कहा कि कृषि विभाग से रेट तय न होने की वजह से 6129 गोल्ड व स्विफ्ट गोल्ड किस्मों की बिक्री का करार नहीं हो पाया है। इसलिए इन किस्मों को पूरे मूल्य पर निजी  वितरकों के माध्यम से उपलब्ध करवाया जा रहा है। वहीं, सतपाल चिरू, यूएस एग्री सीड्स का कहना है कि हमने पहले भी अनेक बार कृषि विभाग से रेट कांट्रैक्ट के लिए प्रयास किया, लेकिन विभाग का निर्धारित मूल्य बहुत ही कम रहता है, जिसके चलते किसानों को बढि़या बीज अनुदान पर नहीं मिल पाता है। उधर, बीडी शर्मा जिला कृषि अधिकारी ने कहा कि यूएस 312, 6129, स्विफ्ट गोल्ड इत्यादि किस्मों की आरसी नहीं हुई है। विभाग उन बीजों पर अनुदान देता है, जिनका रेट कांट्रैक्ट होता है।

You might also like