ईद आई…प्यार का पैगाम लाई

नाहन –बुधवार को ईद उल फितर का त्योहार मुस्लिम समुदाय के लोगों ने नाहन शहर में हर्षोल्लास के साथ मनाया। ईद अर्थात खुशी का यह उत्सव मुस्लिम समुदाय में नहीं, बल्कि नाहन शहर में रियासतकालीन परंपरा और संस्कार के मुताबिक हिंदू मुस्लिम के अलावा सभी धर्मों के लोगों द्वारा एक-दूसरे को बधाई देकर मनाया जाता है। वहीं बुधवार को भी ईद उल फितर की मुबारकबाद और खुशी मुस्लिम समुदाय के अलावा दूसरे समुदाय ने भी इजहार कर मनाई। मीठी ईद के मौके पर एक माह के रोजे के समापन पर बुधवार को ईद का चांद दिखने की आधिकारिक घोषणा के बाद पूरे देश की तरह जिला सिरमौर की मस्जिदों में मुस्लिम भाइयों द्वारा नमाज अता की गई। वहीं लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी। ऑल हिमाचल मुस्लिम वेलफेयर सोसायटी के अध्यक्ष नसीम मोहम्मद दीदान ने बताया कि ईद हमें आपसी मोहब्बत, इंसानियत, भाईचारा एवं मानवता का संदेश देती है। उन्होंने बताया कि नाहन शहर में सभी छह में से चार मस्जिदों में नमाज अता की गई, जिसमें यहां शमशेरगंज, हरिपुर मस्जिद, कच्चा टैंक स्थित 1785 ईस्वी की ऐतिहासिक मस्जिद, गुन्नूघाट मस्जिद मंे नमाज पढ़ी गई। इससे पूर्व नौ बजे ईद मैदान रामकुंडी नाहन में लगभग पांच हजार मुस्लिम समुदाय के लोगों ने एक साथ नमाज अता की जिसे नाहन की ऐतिहासिक कच्चा टैंक मस्जिद के पेश ईमाम अबुल राउल ने अता करवाया, जिसके बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर मुबारकबाबद दी। वहीं यह नमाज समुदाय ने अपने घरों से इस दिन मीठे पकवानों को बनाने और सेवन करने के बाद घर से निकलकर अता की जोकि समुदाय की परंपरा है। इस दौरान यहां विधानसभा अध्यक्ष डा. राजीव बिंदल, जिला अध्यक्ष भाजपा विनय गुप्ता, विशाल तोमर इत्यादि पदाधिकारियों ने ईद के मैदान पहुंचकर समुदाय को मुबारकबाद देते हुए संबोधित किया तथा यहां विशेषतौर पर मीठे जलपान का आयोजन समुदाय के लोगों के लिए किया गया। इस दौरान चाईल्ड हेल्पलाइन नाहन की टीम ने ईद के मौके पर ड्रग्स और अन्य एब्यूज के बारे में एक जागरूकता अभियान भी यहां चलाया तथा इस बुराई के प्रति सचेत रहने का आह्वान किया गया। ईद के मौके पर दिन भर समुदाय के लोगों ने अपनी खुशियां एक-दूसरे के साथ शेयर की तथा बाजारों से नए कपड़ों इत्यादि की खरीददारी की। ईद मनाने के लिए मुस्लिम समुदाय विशेषतौर चांद के दीदार को महत्त्व देता है।

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