फिर अच्छे दिनों की दरकार

 राजेश कुमार चौहान

दृढ़ इच्छाशक्ति से नामुमकिन को मुमकिन बनाया जा सकता है। दुनिया के सबसे बडे़ लोकतंत्र देश भारत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार एक बार फिर से नई सरकार के रूप में देश और आम जनता के अच्छे दिनों की उम्मीद लेकर आई है। उम्मीद है कि सरकार ऐसे कोई फैसले बिना तैयारी के न ले, जिससे देश की आर्थिक व्यवस्था की रीढ़ उद्योग-धंधों पर कोई नकारात्मक असर पड़े। देश की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए सरकार को भारतीय बाजार को दुनिया के दूसरे देशों में मजबूत करने और वहां व्यापार बढ़ाने के लिए चुस्ती दिखानी होगी। देश के अच्छे दिन लाने और गरीबी, बेरोजगारी या फिर महंगाई से देश को आजाद कराने के लिए जनसंख्या पर नियंत्रण भी जरूरी है।

 

 

You might also like