मेलों में हमने अभी तक कुछ अच्छा परोसा ही नहीं

सोलन—प्रदेश के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डा. राजीव सहजल ने सोमवार को शूलिनी माता मेले की आहूत बैठक में कहा कि इस मेले में हमने आज तक बहुत अच्छा परोसा ही नहीं तभी हम श्रेष्ठता की ओर अग्रसर नहीं हो सके। सोलन के कांग्रेस विधायक व पूर्व मंत्री डा. धनी राम शांडिल द्वारा सांस्कृतिक संध्याओं पर दिए गए सुझावों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए मंत्री डा. राजीव सहजल ने कहा कि पुराने ढर्रे पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन नहीं होना चाहिए। हमें इनमें बदलाव लाने की कभी न कभी पहल करनी पड़ेगी। उन्होंने कहा कि सत्य यह है कि हम समाज को कभी बहुत अच्छा परोस ही नहीं पाए। इन सांस्कृतिक कार्यक्रमों में बालीवुड, पंजाबी संगीत के साथ-साथ शास्त्रीय संगीत, लोक संगीत, भक्ति रस जैसी संध्याएं भी होनी चाहिएं। इसकी शुरुआत इसी वर्ष के 21 से  23 जून को होने वाले राज्य स्तरीय शूलिनी मेले से की जाएगी। उन्होंने जिला प्रशासन को निर्देश दिए कि स्टेज पर किसी भी कार्यक्रम के लाइव होने से पूर्व पहले एक स्क्रीनिंग कमेटी के समक्ष उसकी रिहर्सल करवाई जाए, ताकि मंच से किसी भी प्रकार की फूहड़ता, व्यक्तिगत जाति-पाति पर कटाक्ष व ठेठ पंजाबी कल्चर नहीं होना चाहिए। मंत्री ने कहा कि हमारे ये मेले मात्र मौज-मस्ती के लिए नहीं अपितु पूर्वजों की पुरानी परंपराओं को सहज कर समाज में समानता व एकता की भावना को सृजित करने का एक सशक्त माध्यम हंै।

सरकारी व गैर सरकारी सदस्यों के बीच तकरार

मेले के लिए बुलाई गई बैठक में सरकारी व गैर सरकारी सदस्यों के बीच कई बार तकरार भी हुई। दंगल का आयोजन मिट्टी पर हो या मैट पर इस पर तीखी नोक-झोंक रही। कुछ एक सदस्य चाहते थे कि देश की प्राचीन परंपरा को देखते हुए मिट्टी के अखाड़े पर तथा कुछ एक का तर्क था कि वर्तमान समय में अंतरराष्ट्रीय रुझान को देखते हुए गद्दों पर कुश्ती करवाई जाए। अंत में मंत्री डा. राजीव सहजल व प्रशासन ने निर्णय लिया कि गद्दों व मिट्टी पर दोनों में ही कुश्ती का आयोजन होना चाहिए।

मेले में होगा कवि सम्मेलन

इस मेले में इस बार कवि सम्मेलन भी होगा तथा हास्य, राष्ट्रभक्ति, पर्यावरण जैसे विषय ही चयनित किए जाएंगे। कोई भी कवि मंच पर क्या सुनाएगा, उसको पहले गठित स्क्रीनिंग कमेटी के पास बताना होगा।

 पुरुषोत्तम गुलेरिया के तर्क का कोई असर नहीं

प्रत्येक वर्ष मेले में होने वाले पैट शो में खादी बोर्ड के उपाध्यक्ष पुरुषोत्तम गुलेरिया द्वारा दिए गए तर्क का न तो मंत्री पर तथा न ही सदस्यों पर कोई असर पड़ा। पुरुषोत्तम गुलेरिया ने डॉग शो को हटाने की बात की थी किंतु उनकी बात एक तरफ से अनसुना करके इसे जारी रखने का फैसला लिया गया। थोड़ी देर बाद बीच बैठक में उपाध्यक्ष के उठ जाने से हालांकि कई प्रकार की चर्चाएं रहीं।

पैट शो में इस बार देशी गउओं की नस्लें

मेले में पैट शो में इस बार देशी गाउओं की नस्लें भी लाई जाएंगी। इसमें देश भर में देशी गउओं पर हुए शोध, विभिन्न नस्लें, गोपुत्र, गोवंश संरक्षण पर हुए कार्यों का उल्लेख होगा।

एडीएम ने नप की कार्यप्रणाली पर लगाए सवाल

बैठक में एडीएम सोलन विवेक चंदेल ने नगर परिषद प्रशासन की कार्यप्रणाली पर प्रश्न चिन्ह लगाते हुए कहा कि स्टाल व अन्य प्रकार के आबंटन में एसडीएम सोलन को भी बुलाया जाना चाहिए अन्यथा उन्हें स्टाल समिति के अध्यक्ष पद से हटा दिया जाए।

 प्रेस नोट में एसडीएम का नाम न होना बना चर्चा

एसडीएम सोलन कई कमेटियों में सदस्य व अध्यक्ष हैं। वह सोमवार को बैठक में शामिल थे किंतु लोक संपर्क विभाग द्वारा उनका नाम प्रेस नोट से गायब करना भी चर्चा का विषय रहा।

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