हार के कारण जानेंगी रजनी पाटिल

10 को शिमला में मंथन; पहले प्रत्याशियों, फिर विधायकों से होगी चर्चा

शिमला —लोकसभा चुनाव में बुरी तरह से पिटी कांग्रेस अब हार के कारण जानने की कोशिश करेगी। अब तक पार्टी के नेताओं ने अपने स्तर पर हार के कारणों पर मंथन कर लिया है, जिसे जानने के लिए अब कांग्रेस की प्रभारी रजनी पाटिल शिमला आ रही हैं। राष्ट्रीय स्तर पर राहुल गांधी के इस्तीफे को लेकर मामला उलझा हुआ था, जिस कारण रजनी पाटिल भी यहां पहले नहीं आ सकीं। अब उन्होंने यहां आकर हार के कारणों पर मंथन करने को कहा है। बताया जाता है कि रजनी पाटिल दस जून को शिमला में होंगी और यहां दोपहर बाद उनकी दो अलग-अलग बैठकें होंगी। जानकारी के अनुसार रजनी पाटिल पहले चारों लोकसभा के प्रत्याशियों से बातचीत करेंगी। इसके लिए रामलाल ठाकुर, पवन काजल, आश्रय शर्मा व धनीराम शांडिल को शिमला बुलाया गया है। इनके साथ उनकी राय जानी जाएगी, जो बताएंगे कि उन्हें उनकी हार का क्या कारण लगता है। पहले भी इन प्रत्याशियों से लिखित रूप में कारण देने के लिए कांग्रेस अध्यक्ष ने पत्र लिखा था, जिन्होंने लिखित में यह कारण बताए हैं। प्रत्याशियों के बाद कांग्रेस पार्टी के विधायकों के साथ मंथन किया जाएगा।   इस दिन पहली बैठक दोपहर बाद तीन बजे होगी, जिसके बाद दूसरी बैठक 4.30 पर करने को कहा गया है। दूसरी बैठक में विधायकों से उनकी राय जानी जाएगी। नेताओं के अपने बूथ पर लीड नहीं मिल सकी है, लिहाजा वहां पर कई तरह की कमियां उनकी भी रही हैं। बताया जाता है कि अभी पार्टी की प्रभारी रजनी पाटिल ही अपने पद पर बनी रहेंगी, क्योंकि कांगे्रस हाइकमान ने किसी को भी कहीं से नहीं हटाया है। ऐसे में रजनी पाटिल को आगे की जिम्मेदारी भी निभानी है, लिहाजा जरूरी है कि उन्हें अपनी रणनीति में बदलाव करना होगा।

 

You might also like