जान हथेली पर रखकर नदी पार कर रहे हैं सीऊं के ग्रामीण

संगड़ाह। आए दिन सरकार विकास के बड़े-बड़े करती नहीं थकती है, लेकिन हकीकत इससे कोसों दूर है, अगर आपकों यकीन न हो इस इस वीडियों को गौर से देखिए…जी हां, हम बात कर रहे हैं जिला सिरमौर के संगड़ाह के सींऊ गांव की , जहां लोग हर रोज मौत से लड़ रहे हैं। अब हम बताते हंै कि आखिर ऐसी बात है क्या। यहां गिरी व पालर नदी पर मौजूद रज्जू मार्ग कई दिनों से चालू हालत में नहीं है, जिस कारण ग्रामीणों को जान जोखिम पर रखकर नदिया पार करना पड़ रहा है। पिछले दो वर्षों से ग्रामीण तारों से बनी रस्सियों के सहारे नदी पार कर रहे हैं यानी जरा सी चूक हो जाए तो कोई भी अनहोनी हो सकती । बता दें कि हर दिन यहां कई छात्रों को दरिया पार करना पड़ रहा। बारिश के चलते नदियों में पानी बढ़ चुका है तथा रस्सी पर गुजरने में नाकाम रहने वाले लोग नदी में उतरने का जोखिम उठा रहे हैं। पंचायत उपप्रधान अनिल भारद्वाज ने बताया कि, क्षतिग्रस्त रज्जू मार्गों की मुरम्मत का कार्य पूरा हो चुका है तथा अब केवल रस्सी नुमा तारों को टाईट करने व झूला पार करवाने वालों की तैनाती होना शेष है। खंड विकास अधिकारी संगड़ाह कृष्ण दत्त ने बताया कि, आज ही मामला उनके संज्ञान में आया है तथा वह संबंधित पंचायत प्रतिनिधियों तथा सचिव को जल्द रज्जू मार्ग चालू करने के निर्देश दे चुके हैं।

You might also like