चाहवानों ने चुनौतियां चीर पाया मुकाम

न्यायिक सेवा परीक्षा पास कर नई उड़ान भरने को तैयार हिमाचली होनहार

सोलन की शीतल को चौथे प्रयास में कामयाबी

सोलन, कुमारसेन – जिला सोलन से संबंध रखने वाली शीतल गुप्ता ने साबित कर दिखाया है कि कड़ी मेहनत व दृढ़ संकल्प से लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। शीतल गुप्ता ने सिविल जज की परीक्षा पास कर सोलन का नाम प्रदेश भर में रोशन किया है। शीतल के पिता दवेंद्र गुप्ता सेवानिवृत्त अधिकारी हैं व माता शिवानी गुप्ता गृहिणी हैं। शीतल गुप्ता ने जमा दो की पढ़ाई सेंट ल्यूक्स स्कूल सोलन से की। इसके बाद उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी से बीएएलएलबी की शिक्षा ग्रहण की। 2015 में शीतल ने एलएलबी की डिग्री हासिल की और लक्ष्य पाने के लिए दिन-रात मेहनत की। तीन साल तक उन्होंने कई परीक्षाएं दीं, लेकिन उनमें ज्यादा सफलता हाथ नहीं लगी। चौथे साल में शीतल ने दिल्ली, हरियाणा, राज्यस्थान और हिमाचल जज की प्राथमिक परीक्षा पास कर ली, लेकिन शीतल हिमाचल में ही अपनी सेवाएं देना चाहती थीं, इसलिए उन्होंने हिमाचल में ही मुख्य परीक्षा देने का मन बनाया और अपने लक्ष्य को हासिल भी किया। 

रोजाना दस घंटे की मेहनत लाई रंग

शिमला – हिमाचल न्यायिक सेवा परीक्षा की टॉपर चुनौती संगरोली ने भी चुनौती पार कर ली। हिमाचल प्रदेश न्यायिक सेवा परीक्षा 2019 की टॉपर चुनौती संगरोली अपनी इस उपलब्धि का श्रेय अपने माता-पिता को देती हैं, जिसके लिए वह रोजाना आठ से दस घंटे लगातार पढ़ाई करती थी। चुनौती संजौली के हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में रह रही हैं। उसने गरीब और आम व्यक्ति को न्याय दिलाने के लिए न्यायिक सेवा का सपना देखा था, जो अब पूरा हुआ है। चुनौती ने बताया कि भ्रष्टाचार को समाप्त करने और लोगों को न्याय दिलाने के लिए कोई भी कसर नहीं छोड़ूंगी। चुनौती ने एलएलबी में गोल्ड मेडल हासिल किया और एलएलएम में भी गोल्ड मेडल हासिल किया है।

प्रवीणलता की सफलता पर चहका हरोली

हरोली – ऊना में ट्रक चालक की बेटी जज बनी है। प्रवीणलता ने हिमाचल प्रदेश ज्यूडिशियल सर्विस परीक्षा-2019 में दूसरा स्थान प्राप्त किया है। प्रवीणलता की प्रारंभिक परीक्षा राजकीय प्राथमिक व वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बढेड़ा राजपूतां में हुई। दस जमा दो परीक्षा उत्तीर्ण करने के साथ ही इन्होंने जज बनने का लक्ष्य तय कर लिया है। इस लक्ष्य को पार करने के लिए इन्होंने वर्ष 2008 में हिमकैप्स लॉ कालेज बढेड़ा में बीए एलएलबी की पढ़ाई शुरू की। वर्ष 2013 में एलएलबी की डिग्री प्राप्त की। उसके बाद वर्ष 2015 तक दिल्ली के जिला कोर्ट में वकालत की व ज्यूडिशियल की परीक्षाएं देना शुरू कर दीं। अब हिमाचल प्रदेश न्यायिक परीक्षा में इन्होंने दूसरा स्थान पाया है। प्रवीणलता की इस बड़ी उपलब्धि से गांव नगनौली(हरोली) में भी लोग खुशी से चहक उठे हैं। प्रवीण लता के पिता ट्रक ड्राइवर हैं, जबकि माता गृहिणी हैं। 

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