कर्मचारी जल्द जमा करवाएं पोस्टल बैलेट, कर्मचारियों की धीमी वोटिंग से चिंतित चुनाव आयोग की अपील

By: Nov 28th, 2022 12:06 am

स्टाफ रिपोर्टर — शिमला

विधानसभा चुनावों में सवा कर्मचारियों का पोस्टल बैलेट से मतदान जारी हैं। ये कर्मचारी पोस्टल बैलेट के माध्यम से वोट डाल रहे हैं। पोस्टल बैलेट से हो रही धीमी वोटिंग के कारण सबकी चिंताए बढ़ गई हैं। एक ओर जहां राजनीतिक दल और प्रत्याशी इसे लेकर चिंतित हैं, तो वहीं दूसरी ओर चुनाव आयोग ने भी अब सभी कर्मचारियों से अपील की हैं कि जल्द से जल्द पोस्टल बैलेट आरओ के पास जमा करवाएं। गौरतलब है कि चुनाव ड्यूटी में तैनात अधिकारियों एवं कर्मचारियों को 59728 डाक मतपत्र जारी किए थे। इनमें से शनिवार तक 32,177 वोट यानी 53.27 फीसदी ही वापस मिल गए हैं। इसके अतिरिक्त सेवारत सैन्य कर्मियों को 67559 डाक मतपत्र दिए गए थे। इनमें से 15,099 पोस्टल बैलेट यानी 15.69 फीसदी वोट ही वापस मिले है। 1,27,287 पोस्टल-बैलेट में से 42,276 यानी 33.22 फीसदी ने ही वोट जमा कराए हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनीष गर्ग ने बताया कि रोजाना 3000 से ज्यादा पोस्टल बैलेट मिल रहे हैं। उम्मीद है कि काउंटिंग से पहले ज्यादातर कर्मचारी पोस्टल बैलेट जमा करवा देंगे। उनका मकसद ज्यादा से ज्यादा मतदान सुनिश्चित बनाना है।

पोस्टल बैलेट आठ दिसंबर की सुबह आठ बजे तक जमा कराए जा सकेंगे। कर्मचारियों द्वारा पोस्टल बैलेट से वोट करने के लिए धीमी प्रक्रिया चल रही हैं। ज्यादातर कर्मियों का कहना है कि वह मतगणना की तिथि नजदीक आने पर ही वोट करेंगे। वोटिंग के लगभग 17 दिन बीतने के बाद भी अधिकतर कर्मचारियों ने अपने पोस्टल बैलेट जमा नहीं कराए है। इसलिए इलेक्शन कमीशन को पोस्टल जमा कराने की अपील करनी पड़ रही है। हिमाचल प्रदेश में अभी तक सिर्फ 33 फीसदी कर्मचारियों ने ही पोस्टल बैलेट जमा करवाए हैं, जबिक 66 प्रशित कर्मचारियों को पोस्टल बैलेट जमा करवाना अभी बाकी हैं। ऐसे में इन कर्मचारियों के पास सिर्फ 10 दिन का समय ही बचा हैं। 10 दिनों के अंदर इन कर्मचारियों को संबंधित आरओ कार्यालय में पोस्टल बैलेट जमा करवाने होंगे।

कांग्रेस की चुनाव आयोग से शिकायत

कर्मचारियों के पोस्टल बैलेट को लेकर कांग्रेस चुनाव आयोग के पास पहुंची है। हिमाचल कांग्रेस विधि विभाग के चेयरमैन अधिवक्ता आइएन मेहता ने चुनाव आयोग को शिकायत पत्र भेजा है कि कर्मचारियों से शिकायत मिली है कि डाक के माध्यम से जब वे अपना पोस्टल बैलेट भेज रहे हैं तो उन्हें इसकी रसीद नहीं दी जा रही है। उनका कहना है कि कई विभागों, बोर्ड और निगमों में कर्मचारियों को पोस्टल बैलेट ही नहीं मिले हैं। कर्मियों को प्रदान किए गए पोस्ट बैलेट आठ दिसंबर सुबह आठ बजे तक पोस्टल बैलेट आरओ ऑफिस में पहुंच जाने चाहिए, ताकि मतगणना में उन मतों की गिनती भी की जा सके।