बड़सर में गाय ने तोड़ा दम, पशुपालन विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में टीकाकरण अभियान किया शुरू
कार्यालय संवाददाता-हमीरपुर
हमीरपुर जिला के गायों और अन्य गोवंश में लंपी स्किन डिजीज का संक्रमण फैल गया है। जिला भर में 34 के करीब पालतू पशु अब तक इसकी चपेट में आ चुके हैं, जबकि एक गाय की लंपी वायरस के चलते मौत हो गई है। पशु पालन विभाग ने लंपी वायरस को कंट्रोल करने के लिए प्रभावित क्षेत्रों में टीकाकरण अभियान तेज कर दिया है, ताकि पशुपालकों के और किसी पालतू पशु की लंपी वायरस के चलते मौत न हो सके। बड़सर और नादौन में सबसे ज्यादा पशु संक्रमित पाए गए हैं, जबकि अन्य ब्लॉकों मेंं दो से तीन-तीन पशु ही इसकी चपेट में आए हैं। हालांकि बड़सर में एक गाय की लंपी वायरस के चलते मौत भी हो चुकी है। पशु पालन विभाग के पास लगातार लंपी वायरस के मामले सामने आ रहे हैं। ऐसे में पशु पालन विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में टीकाकरण अभियान तेज कर दिया है, ताकि किसी भी पशुपालक की लंपी वायरस के चलते और मौत न हो सके। अन्य प्रभावित क्षेत्रों में भी पशुओं में बीमारी के लक्षण मिलने के बाद पशुपालन विभाग ने निगरानी और उपचार की प्रक्रिया तेज कर दी है।
यही नहीं पशुपालन विभाग को लंपी वायरस से बचाव के लिए करीब 13,500 टीके प्राप्त हुए हैं। इन टीकों को पशु अस्पतालों और संबंधित केंद्रों तक भेज दिया गया है, ताकि संवेदनशील क्षेत्रों में पशुओं का समय पर टीकाकरण किया जा सके। विभाग की ओर से पशुपालकों को बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत नजदीकी पशु चिकित्सालय से संपर्क करने की सलाह दी गई है, ताकि वायरस को कंट्रोल किया जा सके। पिछले वर्ष भी जिले में करीब 16 हजार गोवंश पशुओं का टीकाकरण किया गया था। जिला भर में 17 हजार के करीब गौवंश पशुपालकों ने पाल रखा है। जिसके ऊपर आजकल लंपी वायरस का खतरा मंडरा रहा है। अगर आपके गौवंश में लंपी वायरस के हल्के लक्षण भी दिखाएं दें, तो तुरंत नजदीकी पशु चिकित्सा केंद्र से संपर्क करें।
अधिकारी के बोल
पशुपालन विभाग हमीरपुर के सहायक निदेशक (परियोजना) डा. सतीश वर्मा ने बताया कि हमीरपुर जिला में लंपी वायरस की चपेट में अब तक 34 गोवंश आ चुका है। जबकि एक गाय की लंपी वायरस के चलते मौत भी हो चुकी है। पशु पालन विभाग की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में लगातार टीकाकरण कर रही है, ताकि गौवंश को वायरस की चपेट में आने से रोका जा सके।