जल संरक्षण के मॉडल का लिया जायजा, वर्षा जल संचयन की तकनीक समझने निकला प्रतिनिधिमंडल
दिव्य हिमाचल ब्यूरो-नाहन
हिमाचल प्रदेश जल प्रबंधन बोर्ड का प्रतिनिधिमंडल सारा परियोजना के प्रभावी क्रियान्वयन और जल संरक्षण के बेहतर मॉडलों के अध्ययन के लिए उत्तराखंड के भ्रमण पर है। प्रतिनिधिमंडल ने लच्छीवाला रेंज और लच्छीवाला नेचर पार्क का दौरा कर जल संरक्षण, वर्षा जल संचयन, जल स्रोतों और नदी पुनर्जीवन के कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। प्रतिनिधिमंडल में हिमाचल प्रदेश ग्राउंडवाटर संगठन के उपाध्यक्ष शशि शर्मा, अधीक्षण अभियंता राजीव महाजन, बोर्ड ऑफ डायरेक्टर सदस्य सुरेंद्र सेठी व पवन ठाकुर सहित जल शक्ति विभाग के अधिकारी शामिल रहे। अधिकारियों ने उत्तराखंड वन विभाग द्वारा सारा के साथ कन्वर्जेन्स मॉडल के तहत किए जा रहे कार्यों की तकनीकी संरचना और क्रियान्वयन प्रक्रिया की जानकारी ली।
अधीक्षण अभियंता राजीव महाजन ने बताया कि विभिन्न विभागों के संसाधनों और विशेषज्ञता को जोडक़र जल स्रोतों के पुनर्जीवन के लिए कन्वर्जेन्स मॉडल विकसित करने पर चर्चा हुई। जलग्रहण क्षेत्र उपचार और नदी-नालों में जल प्रवाह बनाए रखने के वैज्ञानिक व स्थानीय उपायों को भी समझा। अधिकारियों ने उत्तराखंड की बेहतर कार्यप्रणालियों की सराहना करते हुए दोनों राज्यों के बीच तकनीकी ज्ञान और अनुभव के आदान-प्रदान को मजबूत करने पर जोर दिया।