अवैध कटान रोकने पहुंचे कर्मियों पर जानलेवा हमला

माजरा वन रेंज में माफिया ने कुचलने का किया प्रयास, केस दर्ज,खैर की लकड़ी बरामद, फरार ड्राइवर की गिरफ्तार के लिए छापेमारी तेज

कार्यालय संवाददाता -पांवटा साहिब
पांवटा साहिब के माजरा वन रेंज के आरक्षित वन क्षेत्र में खैर माफिया ने वन विभाग की टीम पर जानलेवा हमला कर दिया। गुरुवार तडक़े बांसवाली सी-12 में अवैध खैर कटान रोकने पहुंची टीम को आरोपियों ने पिकअप वाहन से कुचलने का प्रयास किया। वन परिक्षेत्र अधिकारी माजरा सचिन शर्मा की शिकायत पर पुलिस थाना माजरा में आरोपियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार गुरुवार सुबह वन रक्षक प्रभारी जोहड़ों बीट, वन रक्षक प्रताप सिंह और वन कर्मी गुरमेल सिंह गश्त पर थे। इस दौरान उन्होंने आरक्षित वन क्षेत्र बांसवाली सी .12 में तीन मोटरसाइकिलों पर सवार व्यक्तियों को खैर की लकड़ी की अवैध ढुलाई करते हुए देखा। वन कर्मियों द्वारा रोकने का प्रयास किया गया तो मौके पर नसीम निवासी मिश्रवाला द्वारा संचालित एक पिकअप वाहन पहुंचा। टीम द्वारा वाहन को रुकवाने का प्रयास किया गया, परंतु चालक ने वाहन नहीं रोका और कर्मचारियों को कुचलने के उद्देश्य से आगे बढ़ा दिया।

अपनी जान बचाने के लिए वन रक्षक रमेश कुमार ने चलती पिकअप का शीशा तोडक़र चालक का मोबाइल फोन अपने कब्जे में ले लिया। पिकअप चालक अंधेरे का लाभ उठाकर मौके से फरार हो गया। वन विभाग की टीम ने मौके से खैर के अवैध रूप से काटे गए तीन वृक्ष बरामद किए। गहन तलाशी के दौरान खैर के 36 ल_े भी बरामद किए गए । प्रधान मुख्य वन संरक्षक शिमला द्वारा निर्धारित दरों के अनुसार काटे गए वृक्षों का बाजार मूल्य दो लाख इक्यानवे हजार छह सौ चौरासी रुपए तथा बरामद लकड़ी का मूल्य दो लाख चालीस हजार नौ सौ पचासी रुपये आंका गया है। इस प्रकार कुल पांच लाख बत्तीस हजार छह सौ उनहत्तर रुपए का राजस्व नुकसान हुआ है। टीम ने मौके से आरोपियों द्वारा प्रयोग की जा रही मोटरसाइकिल को भी जब्त किया। मामले की जांच जारी है।

क्या बोले वन परिक्षेत्र अधिकारी सचिन शर्मा
वन परिक्षेत्र अधिकारी सचिन शर्मा ने बताया कि आरोपियों के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता की धारा 353, 332, 307 तथा भारतीय वन अधिनियम की सुसंगत धाराओं के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। फरार पिकअप चालक की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। विभाग के कर्मचारियों के बयान एवं अन्य साक्ष्य भी विवेचना के दौरान पुलिस को उपलब्ध करवाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि ष्सरकारी वन संपदा को नुकसान पहुंचाने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। बरसात के मौसम में गश्त बढ़ा दी गई है।

एसपी सिरमौर एनएस नेगी के बोल
एसपी सिरमौर एनएस नेगी ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि जल्द ही आरोपी पुलिस हिरासत में होंगे। किसी को नहीं बख्शेंगे।