सोलन की केंद्रीय राज्य लाइब्रेरी 2.23 करोड़ से होगी चेंज, मीटिंग के दौरान लिए अहम फैसले
निजी संवाददाता- सोलन
केंद्रीय राज्य पुस्तकालय सोलन में सोमवार को उच्चतर शिक्षा विभाग की ओर से एडवोकेसी एवं आउटरीच कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य पुस्तकालय को आधुनिक, मॉड्यूलर और डिजिटल स्वरूप देना तथा विद्यार्थियों, शिक्षकों और पुस्तकालय कर्मियों को आधुनिक सुविधाओं से जोडऩा रहा। कार्यक्रम में नागपुर विश्वविद्यालय की प्रो. शालिनी लहितकर मुख्य अतिथि रहीं। राष्ट्रीय पुस्तकालय मिशन के वित्तीय सलाहकार दीपांजन चटर्जी, उच्चतर शिक्षा निदेशालय की ओएसडी डॉ. रेणु राणा समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।
करीब 200 विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में भाग लिया। कार्यक्रम में हिंदी-अंग्रेजी की विभिन्न विषयों की पुस्तकों, संदर्भ पुस्तकों और बाल साहित्य की प्रदर्शनी भी लगाई गई। विद्यार्थियों ने पुस्तक संग्रह में खास रुचि दिखाई। बताया गया कि राष्ट्रीय पुस्तकालय मिशन के तहत केंद्रीय राज्य पुस्तकालय को बुनियादी ढांचे के विकास और तकनीकी उन्नयन के लिए करीब 2.23 करोड़ रुपए की मिलान अनुदान राशि मिली है। इसमें हिमाचल सरकार और केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय का योगदान 25:75 के अनुपात में है। प्रो. शालिनी लहितकर ने कहा कि डिजिटल युग में आधुनिक तकनीक और उपयोगकर्ता-केंद्रित सेवाओं से पुस्तकालयों को विद्यार्थियों और समाज से अधिक प्रभावी ढंग से जोड़ा जा सकता है। दीपांजन चटर्जी ने पुस्तकालय के आधुनिकीकरण के प्रयासों की सराहना की।