कांगड़ा में अतिक्रमण पर शिकंजा; बेरोजगार वेंडर्स के लिए रोजगार का रास्ता तलाशना भी जरूरी, पार्किंग और वन-वे व्यवस्था पर भी सवाल
जिला संवाददाता- कांगड़ा
स्थानीय प्रशासन व नगर परिषद का अतिक्रमण हटाओ अभियान जारी है । बहुतकनीकी संस्थान की दीवार के साथ भी रेहड़ी-फड़ी वालों को हटा दिया गया है। वैसे इस तंग सडक़ पर पैदल चलने वालों को रेहड़ी-फड़ी लगने की वजह से दिक्कत होती रही है। अब यह मसला हल हो गया है, लेकिन इस पूरे फुटपाथ को टाइल लगाकर सुंदर बनाने की जरूरत है, ताकि पैदल चलने वाले लोगों को दिक्कत न हो। मौजूदा समय में यह फुटपाथ ऐसे हालात के लिए नहीं है कि यहां पैदल चला जा सके। उल्लेखनीय है कि कुछ लोग यहां वर्षों से रेहड़ी-फड़ी लगाते आए हैं सालों बाद नगर परिषद ने 26 लोगों को मिनी शॉप बनाकर दे दी, लेकिन अभी भी बहुत से बेरोजगार बाकी हैं। जिन्हें उचित स्थान पर बसाने की जरूरत है। अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत काफी ऐसे लोग भी लपेटे में आए हैं, जिन्हें बसाने की जरूरत है । हालांकि बाहरी राज्यों से आए कुछ रेहड़ी-फड़ी वाले शहर की सुंदरता को भी बिगाड़ रहे हैं, लेकिन यहां अभी भी बड़े पैमाने पर वेंडर जोन बनाने की जरूरत है।
ऐसे में रेहड़ी-फड़ी वालों की कांगड़ा में रजिस्ट्रेशन हो उन्हें चरणबद्द ढंग से बसाया जाए कॉलेज रोड पर भी टंडन क्लब की दीवार के साथ पुलिस ने नो पार्किंग का बोर्ड तो लगा रखा है लेकिन वहां दो पहिया वाहनों की कतार लगी रहती है और मैदान के आगे सडक़ पर कारें लगी रहती हैं दूसरा वनवे सिस्टम को भी लागू न किया गया है । इस वजह से कालेज रोड पर अकसर जाम रहता है। अतिक्रमण हटाओ अभियान सही है लेकिन व्यवस्था को बनाए रखने के लिए लोगों की दिक्कतों को भी खत्म करना पड़ेगा,जहां तक सडक़ किनारे रेहड़ी-फड़ी का सवाल है तो कायदे अनुसार यह तह बाजारी वालों को नगर निगम या स्थानीय निकाय द्वारा दिया जाने वाला एक कानूनी अधिकार पत्र है। इसके तहत तह बाजारी धारकों को तय ज़ोन या वेंडिंग एरिया में कानूनी रूप से व्यापार करने की अनुमति मिलती है। कायदे अनुसार नगर निगम या पुलिस कर्मी बिना किसी ठोस कानूनी कारण के इनका सामान या रेहड़ी जब्त नहीं कर सकते। यानी अतिक्रमण हटाओ अभियान हो, लेकिन वेंडर जोन भी स्थापित हो ताकि रेहड़ी-फड़ी वालों को भी कोई ठिकाना मिले। ताकि वह अपनी आजीविका चला सके। नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी रणवीर सिंह वर्मा का कहना है कि अतिक्रमण हटाओ अभियान जारी है, वेंडर जोन बनाने के लिए जमीन तलाशी जा रही है।