पुल बंद होने के बाद खड्ड से पानी के बीच गुजर रहे वाहन, दो दर्जन से अधिक पंचायतों के लोगों की बढ़ी परेशानी, समस्या हल करने की मांग
नगर संवाददाता-ऊना
ऊना-संतोषगढ़ मार्ग पर रामपुर खड्ड पर बनाया गया वैली ब्रिज एक बार फिर बंद हो गया है। बरसात के दौरान क्षतिग्रस्त हुए पुराने रामपुर पुल पर लोक निर्माण विभाग की ओर से करीब अढ़ाई करोड़ रुपये की लागत से वैली ब्रिज स्थापित किया गया था, ताकि मार्ग पर वाहनों की आवाजाही सुचारू बनी रहे। अब शरारती तत्वों द्वारा पुल पर लगाए गए सुरक्षा एंगल को बार-बार तोड़े जाने के कारण विभाग को पुल से आवाजाही बंद करने का निर्णय लेना पड़ा है। पुल बंद होने के बाद वाहन चालक खड्ड में जमा पानी के बीच से होकर गुजरने को मजबूर हैं।
इससे हादसे का खतरा भी बढ़ गया है। हालांकि पुल से 100 मीटर पीछे रामपुर चौक से चंद्रलोक कालोनी, कुठार होते हुए वैकल्पिक मार्ग है, लेकिन वाहन चालक शॉटकर्ट के चक्कर में अपनी जान तक जोखिम में डालने से डर नहीं रहे है। विभाग द्वारा वैली ब्रिज पर केवल छोटे वाहनों की आवाजाही सुनिश्चित की जा रही है। बड़ा वाहन पुल से न निकल सके, इसके लिए हाइट सुरक्षा एंगल लगाए गए है, लेकिन कुछ लोग इन्हें बार-बार तोड़ रहे हैं। विभाग का कहना है कि यदि रात के समय किसी ने सुरक्षा एंगल तोड़ दिया और इसके बाद कोई भारी वाहन पुल से गुजर गया तो बड़ा हादसा हो सकता है। इसी खतरे को देखते हुए फिलहाल पुल को बंद किया गया है। अधिकारियों के अनुसार सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित होने तक पुल को लंबे समय तक बंद रखा जा सकता है। बताया जा रहा है कि रामपुर खड्ड का पुराना पुल करीब दो वर्ष पहले बरसात के दौरान क्षतिग्रस्त हो गया था। इसके बाद लोक निर्माण विभाग ने करीब अढ़ाई करोड़ रुपये की लागत से ब्रिज स्थापित किया था।
फायर ब्रिगेड और ऑयल डिपो की गाडिय़ों को भी दिक्कत
बैली ब्रिज बंद होने का असर आम लोगों के साथ-साथ आपात सेवाओं पर भी पड़ रहा है। ऊना-संतोषगढ़ मार्ग पर स्थित फायर ब्रिगेड को आपात स्थिति में ऊना पहुंचने के लिए परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं इसी मार्ग पर स्थित इंडियन ऑयल डिपो के टैंकर चालकों को भी वैकल्पिक मार्ग का सहारा लेना पड़ रहा है। इसके अलावा क्षेत्र की दो दर्जन से अधिक पंचायतों के लोगों की रोजमर्रा की आवाजाही प्रभावित हुई है।