शिक्षकों ने सीखी एआई-नई तकनीक की बारीकियां

पारस पब्लिक स्कूल भवारना में दो दिवसीय तकनीकी कार्यशाला में शिक्षकों को दिया तकनीकी प्रशिक्षण

दिव्य हिमाचल ब्यूरो- पालमपुर
पारस पब्लिक स्कूल भवारना में तकनीकी संसाधनों, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और बौद्धिक संपदा के प्रति शिक्षकों को जागरूक और दक्ष बनाने के लिए दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें कार्यशाला विशेषज्ञ के रूप में डाक्टर चरणजीत सिंह गणित विभाग पंजाब विश्वविद्यालय चंडीगढ़ और शिवांक राणा पीजीटी कम्प्यूटर साइंस और मेहर चंद महाजन ने शिरकत की । कार्यशाला का शुभारंभ विद्यालय के निदेशक महेश चंद्र कटोच ए प्रधानाचार्या नीलम राणा व कार्यशाला विशेषज्ञों द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा के आगे दीप प्रज्वलित करके किया गया। कार्यशाला में विभिन्न विद्यालयों के 46 शिक्षकों ने भाग लिया। इसमें शिक्षकों ने कंप्यूटर साइंस, पायथन, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, बौद्धिक संपदा पर आधारित शिक्षा प्राप्त की। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य शिक्षकों को एण्आईण् के शैक्षिक क्षेत्र में उपयोगए डिजिटल उपकरणों के प्रभावी प्रयोग तथा शिक्षण अधिगम प्रक्रिया को अधिक सरल एरचनात्मक और प्रभावी बनाने के तरीकों से अवगत कराना था।

इसके साथ ही शिक्षकों ने बौद्धिक संपदा के अंतर्गत कॉपीराइटए पेटेंट ए ट्रेडमार्क ए रचनात्मक कार्यों के संरक्षण से संबंधित जानकारी भी प्राप्त की। कार्यशाला के दौरान व्यावहारिक गतिविधियों, समूह चर्चाओं एवं उदाहरणों के माध्यम से शिक्षकों को नई तकनीक का प्रयोग करने का सुझाव दिया गया। विशेषज्ञों ने बदलते तकनीकी एवं शैक्षिक परिवेश में शिक्षकों की भूमिका को स्पष्ट करते हुए कहा कि आधुनिक तकनीक का सही उपयोग शिक्षा की गुणवत्ता को सही दिशा दे सकता है। दो दिवसीय कार्यशाला के समापन पर विद्यालय की प्रधानाचार्या ने विशेषज्ञों द्वारा प्रदान किए गए मूल्यवान समय और ज्ञानवर्धक सत्रों के लिए उनका धन्यवाद करते हुए कहा कि वर्तमान समय में शिक्षकों का तकनीकी रूप से दक्ष होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि कंप्यूटर, एआई और आईपी से संबंधित ज्ञान शिक्षकों के शिक्षण कार्य को और बेहतर बनाने में उपयोगी सिद्ध होगा ।