हेरिटेज रेलमार्ग पर ट्रेनें बंद, सोलन स्टेशन पर छाया सन्नाटा

मार्ग के बंद होने से पर्यटकों को भी मायूसी, दो दिनों में हुई मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त

स्टाफ रिपोर्टर-सोलन
कालका-शिमला हेरिटेज रेल मार्ग पर परवाणू के समीप भारी बारिश के चलते रेलवे ट्रैक की जमीन खिसकने से ट्रैक हवा में लटक गया है। इस कारण इस हेरिटेज मार्ग पर चलने वाली सभी ट्रेनें रद हैं। इसका असर अब इस रेलमार्ग में पडऩे वाले रेलवे स्टेशनों पर भी देखने को मिला रहा है। कुछ ऐसा ही नजारा इस मार्ग के सबसे प्रमुख सोलन रेलवे स्टेशन पर भी देखने को मिला। सोमवार को सुबह से शाम तक इस रेलवे स्टेशन पर सन्नाटा छाया रहा, जिससे यहां पर कार्यरत कर्मी सहित आने-जाने वाले लोग भी हैरत में पड़ रहे।

बता दें कि परवाणू में पिछले दो दिनों में हुई मूसलाधार बारिश ने जहां जनजीवन अस्त-व्यस्त किया है, वहीं कई जगह भूस्खलन होने से सडक़ें अवरूद्ध हुई हैं और यहां तक की एक मकान भी जमींदोज हो गया है। इतना ही नहीं शनिवार देर शाम कालका-शिमला हेरिटेज रेलमार्ग को भी खासा नुकसान पहुंचा है। इस घटना के बाद इस रेलमार्ग पर प्रतिदिन चलने वाले अप व डाऊन दोनों ओर की ट्रेनें रद हो गई हैं और इस रेलमार्ग पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया है। इस मार्ग पर करीब आधा दर्जन ट्रेनें प्रतिदिन कालका से शिमला व शिमला से कालका का सफर तय करती हैं। इस टॉय ट्रेन में पर्यटक हसीन वादियों का लुत्फ उठाते हुए सफर करते हैं। लेकिन अब इस मार्ग के बंद होने से पर्यटकों को भी काफी मायूसी झेलनी पड़ रही है। रेलमार्ग के बंद होने का असर सोलन रेलवे स्टेशन पर देखने को मिला। प्रतिदिन काफी व्यस्त रहने वाले इस स्टेशन पर सोमवार को दिनभर सन्नाटा छाया रहा। पूरी तरह से खाली इस स्टेशन पर यहां से अपने गंतव्यों की ओर जाने वाले राहगीर भी दिखे। वहीं, ट्रेनें न आने से रेलवे स्टाफ भी पूरा दिन खाली बैठा रहा। लोग अब आस लगाए बैठे हैं कि रेलवे विभाग जल्द ही मार्ग को सुचारू करेगा ताकि फिर से इस विश्व धरोहर रेलमार्ग पर रौनक लौट सके।

लोग में अब आस, कब शुरू होगा मार्ग

प्रतिदिन काफी व्यस्त रहने वाले इस स्टेशन पर सोमवार को दिनभर सन्नाटा छाया रहा। पूरी तरह से खाली इस स्टेशन पर यहां से अपने गंतव्यों की ओर जाने वाले राहगीर भी दिखे। वहीं, ट्रेनें न आने से रेलवे स्टाफ भी पूरा दिन खाली बैठा रहा। लोग अब आस लगाए बैठे हैं कि रेलवे विभाग जल्द ही मार्ग को सुचारू करेगा ताकि फिर से इस विश्व धरोहर रेलमार्ग पर रौनक लौट सके।