कुल्लू मनाली, भुंतर सहित जिले के बाजारों में दिखी खूब रौनक
जिला संवाददाता-कुल्लू
धनतेरस के पावन पर्व पर शुक्रवार को जिला कुल्लू के बाजारों में खूब रौनक देखने को मिली। सुबह से ही कुल्लू सहित मनाली, पतलीकूहल, भुंतर, मणिकर्ण, सैंज, बंजार, आनी और निरमंड के बाजारों में खरीदारी के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। विशेष रूप से सोना-चांदी और बर्तनों की दुकानों पर ग्राहकों की काफी चहल-पहल रही। लोगों ने अपनी सामथ्र्य के अनुसार सोने.चांदी के आभूषण, सिक्के, पूजा के बर्तन, तांबे-पीतल के सामान और रसोई में इस्तेमाल होने वाले नए बर्तनों की जमकर खरीदारी की। दुकानों में दिनभर ग्राहकों की आवाजाही बनी रही और कारोबारियों के चेहरे भी खिले नजर आए। धनतेरस को दीपावली पर्व की शुरुआत का प्रतीक माना जाता है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को समुद्र मंथन के दौरान भगवान धन्वंतरि अमृत कलश लेकर प्रकट हुए थे। इसी कारण इस दिन को धनतेरस या धनत्रयोदशी कहा जाता है। भगवान धन्वंतरि को आयुर्वेद और आरोग्य का देवता माना जाता है। वहीं माता लक्ष्मी और धन के देवता कुबेर की पूजा का भी इस दिन विशेष महत्व है। मान्यता है कि धनतेरस पर सोना, चांदी, पीतल, तांबा और अन्य धातुओं से बनी वस्तुएं खरीदना शुभ होता है। इससे घर में सुख-समृद्धि और धन-धान्य का वास होता है। यही वजह है कि लोग इस दिन कुछ न कुछ नया सामान जरूर खरीदते हैं।