कम्पीटीशन रिव्यू

‘ कोल बांध जल विद्युत संयंत्र ’ किस नदी पर निर्मित है? (क) चिनाब                  (ख) रावी (ग) ब्यास                    (घ) सतलुज 2.‘ गुम्मा एवं द्रंग ’ नामक स्थल किस लिए प्रसिद्ध हैं? (क) पहाड़ी नमक          (ख) चूना पत्थर (ग) अखरोट               (घ) अभ्रक ‘ कुफरी चंद्रमुखी ’ निम्न में से किस की किस्म है? (क) मशरूम की           

भारत ने अस्वीकार किया 1935 का अधिनियम भारत की ओर से संविधान सभा की मांग निश्चित रूप से प्रस्तुत करने का यह पहला अवसर था। इसके बाद यह मांग बार-बार और अधिकाधिक आग्रहपूर्वक प्रस्तुत की जाती रही। अप्रैल, 1936 के लखनऊ अधिवेशन तथा दिसंबर 1936 के फैजपुर अधिवेशन में कांग्रेस ने प्रस्ताव पास करके 1935

मनुष्य जीवनभर यही सीखने की कोशिश करता रहता है कि दूसरों के साथ कैसे रहे, दूसरों से कैसा व्यवहार हो, दूसरों को कैसे प्रभावित किया जाए, लेकिन वह यह नहीं सीख पाता कि अपने साथ कैसे रहे, स्वयं से स्वयं का व्यवहार कैसा हो, स्वयं से स्वयं का साक्षात्कार कैसे किया जाए… कई व्यक्ति भरपूर

आज के जमाने में टीवी इंडस्ट्री, फिल्म इंडस्ट्री भारत की सबसे तेज ग्रोथ वाली इंडस्ट्री है। इसमें करियर बनाने के लिए कई ऑप्शंज होते हैं, जिनमें आगे बढ़ा जा सकता है। एक्टिंग में करियर बनाने वालों के लिए ढेरों अवसर हैं जैसे फिल्म, टेलीविजन, विज्ञापन फिल्में, प्रोडक्शन हाउस, वीडियो फिल्में वगैरह। बढ़ते टीवी चैनल्स और

संदीप माहेश्वरी उन करोड़ो लोगों में से एक हैं, जिन्होंने संघर्ष किया, असफल हुए और तेजी से सफलता, खुशी और संतोष पाने के लिए आगे बढ़ते गए। एक सफल उद्यमी के साथ-साथ, दुनियाभर के लाखों-करोडों़ लोगों के सलाहकार, आदर्श और यूथ आइकॉन भी हैं। वह अन्य लोगों की ही तरह साधारण परिवार से ही थे,

सिंगापुर ओपन सुपर सीरीज उदीयमान भारतीय शटलर बी साई प्रणीत ने हमवतन खिलाड़ी के श्रीकांत को सिंगापुर ओपन फाइनल में पराजित कर अपना पहला सुपर सीरीज खिताब जीता। दुनिया के 30वें नंबर के प्रणीत ने श्रीकांत को 350,000 डालर इनामी राशि के टूर्नामेंट के फाइनल में 54 मिनट में 17-21 21-17 21-12 से हराया। प्रणीत

सरकारी और निजी सेक्टरों ने अपने कर्मचारियों के उनके भविष्य को ध्यान में रखते हुए कई तरह की योजनाएं  चला रखीं हैं ताकि सेवानिवृत्ति के बाद ये कर्मचारी अपनी बाकी की जिंदगी आराम से गुजार सकें और उन्हें किसी भी तरह की मुश्किल पेश न आए। इन्हीं योजनाओं में एक है कर्मचारी भविष्य निधि योजना।

भले ही हमें धन और संपदा विरासत में मिल जाए, लेकिन जीवन का आनंद हमें कभी भी विरासत में नहीं मिल सकता। उसे तो हमें स्वयं ही प्राप्त करना होगा। हमारी छोटी-छोटी सफलताएं, जीवन में छोटे-छोटे संघर्ष हमारे होने और हमारे अस्तित्व के लिए जरूरी होते हैं… दूसरों की प्रसिद्धि से हतोत्साहित होने के बजाय

सेवानिवृत्ति के बाद भी डा. अवस्थी रीजनल सेंटर धर्मशाला के छात्रों को इकॉनोमिक्स का अध्ययन करवा रहे हैं। साथ ही अब भारत सरकार अल्पसंख्यक मामले मंत्रालय द्वारा इंस्पेक्टिंग अथोरिटी के रूप में पर्यवेक्षक के पद पर नियुक्त किया गया है। डा. के निरीक्षण में सही पाए जाने पर ही अल्पसंख्यक स्कूल, कालेज और एनजीओ को