आर्थिक

शिमला— कृषि विभाग ने गेहूं की फसल को पीला रतुआ रोग से बचाने हेतु विशेष अभियान चलाने का निर्णय लिया है, ताकि किसानों को इस बारे जानकारी दी जा सके। गेहूं प्रदेश की मुख्य रबी फसल है, जिसके अंर्तगत 3.58

नई दिल्ली— सरकार घाटे में चल रही हिंदोस्तान एंटीबायोटिक्स लिमिटेड (एचएएल) और बंगाल केमिकल्स एवं फार्मास्यूटिकल्सलिमिटेड (बीसीपीएल) की रणनीतिक बिक्री करने तथा इंडियन ड्रग एंड फार्मास्यूटिकल्स

मुंबई — देश का सेवा क्षेत्र नोटबंदी के दबाव में लगातार तीसरे महीने गिरावट में रहा। हालांकि जनवरी में इसकी गिरावट कुछ कम रही। निक्केई द्वारा शुक्रवार को जारी सेवा कारोबार गतिविधि सूचकांक 48.7 दर्ज किया गया। सूचकांक का 50 से नीचे रहना गतिविधियों में हृस तथा इसे ऊपर रहना तेजी दर्शाता है, जबकि 50

मुंबई — देश के सबसे बड़े शेयर बाजार बीएसई के शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) पर 34.62 फीसदी के प्रीमियम के साथ 1085 रुपए पर सूचीबद्ध हुआ है, जबकि इसके आईपीओ का इश्यू प्राइस 806 रुपए था। कारोबार के दौरान बीएसई के शेयर खबर लिखे जाने तक 1200 रुपए के उच्चतम और 1085 रुपए के

मुंबई — देश का विदेशी मुद्रा भंडार लगातार तीसरे सप्ताह बढ़ते हुए 27 जनवरी को समाप्त सप्ताह में 78.27 करोड़ डालर के इजाफे के साथ 361.56 अरब डालर पर पहुंच गया। इससे पहले 20 जनवरी को समाप्त सप्ताह में यह 93.24 करोड़ डालर बढ़कर 360.78 अरब डालर रहा था।

नई दिल्ली — ईरान की सरकार भारतीय बासमती चावल के आयात के लिए जल्दी ही फिर से परमिट जारी करने की अधिसूचना जारी कर सकती है। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने शुक्रवार को बताया कि ईरान प्रतिवर्ष 10 लाख टन चावल का आयात करता था, जिसमें से लगभग सात लाख बासमती चावल का आयात

पिछले साल पीली धातु की जेवराती मांग 22 फीसदी घटी  बंगलूर— नोटबंदी और लंबी हड़ताल के कारण वर्ष, 2016 में देश में सोने की जेवराती मांग 22 प्रतिशत घटकर 514 टन रह गई। वर्ष 2015 में यह 662.3 टन रही थी। विश्व स्वर्ण परिषद द्वारा शुक्रवार को जारी आंकड़ों में कहा गया है कि भारतीय

नई दिल्ली — इस चीनी सत्र में 31 जनवरी तक देश के चीनी मिलों ने कुल 128.55 लाख टन चीनी का उत्पादन किया है, जो गत चीनी सत्र की समान अवधि में 142.80 लाख टन रहा था। अभी देश के लगभग 334 मिलों में पेराई का काम चल रहा है, जबकि गत चीनी सत्र में

नई दिल्ली — संचार क्षेत्र में क्रांति लाने का दम भर रही सरकार ने अपनी कंपनी महानगर टेलीफोन लिमिटेड (एमटीएनएल) को कर्ज के भरोसे छोड़ रखा है और वह रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने के लिए अब तक लगभग 80 हजार करोड़ रुपए का कर्ज ले चुकी है। संचार राज्य मंत्री मनोज सिन्हा ने