मुंह के अंदर छोटे-छोटे सफेद या लाल रंग के छाले बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक किसी को भी हो जाते हैं। इन्हें देखकर कई बार लगता है कि ये इतने पीड़ादायक नहीं होते, लेकिन असलियत में वो बहुत ही तकलीफदेह होते हैं। ये छाले बोलने, खाना खाने, पानी पीने और यहां तक कि हंसने तक में जलन और दर्द पैदा करते हैं। इनके पीछे वजह हो सकती है पेट की गर्मी, पाचन गड़बड़ी, तनाव, हार्मोनल बदलाव या विटामिन की कमी…
अकसर लोगों के मुंह के अंदर छाले हो जाते हैं, जिस वजह से खाना खाने में भी दिक्कत होती है। मुंह के अंदर छोटे-छोटे सफेद या लाल रंग के छाले बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक किसी को भी हो जाते हैं। इन्हें देखकर कई बार लगता है कि ये इतने पीड़ादायक नहीं होते लेकिन असलियत में वो बहुत ही तकलीफदेह होते हैं। ये छाले बोलने, खाना खाने, पानी पीने और यहां तक कि हंसने तक में जलन और दर्द पैदा करते हैं। इनके पीछे वजह हो सकती है पेट की गर्मी, पाचन गड़बड़ी, तनाव, हार्मोनल बदलाव या विटामिन की कमी। बाजार में मिलने वाली क्रीम या जैल से कभी-कभी आराम तो मिलता है, लेकिन जड़ से राहत नहीं।
ऐसे में पुराने जमाने के देसी नुस्खे न
सिर्फ राहत देते हैं, बल्कि बार-बार होने वाले छालों को भी रोक सकते हैं। आइए जानते हैं ऐसे ही असरदार घरेलू उपाय, जो आयुर्वेद तक में आजमाए जाते रहे हैं। फिटकरी और पानी से कुल्ला करें फिटकरी में एंटीसेप्टिक गुण होते हैं। एक चुटकी फिटकरी को गुनगुने पानी में मिलाकर दिन में 2-3 बार कुल्ला करें।
नारियल का तेल
नारियल तेल को सीधे छालों पर लगाने से सूजन और जलन में राहत मिलती है। इसमें एंटीइंफ्लेमेंटरी और एंटीबैक्टीरियल गुण होते हैं।
बर्फ चूसना
छाले की जगह पर बर्फ लगाने या बर्फ चूसने से जलन कम होती है और अस्थायी राहत मिलती है।
तुलसी के पत्ते चबाएं
5-6 तुलसी के पत्ते दिन में 2-3 बार चबाएं। तुलसी में एंटीबैक्टीरियल और शीतल गुण होते हैं जो छालों को जल्दी ठीक करते हैं।
शहद लगाएं
शहद को सीधे छालों पर लगाएं। यह नमी बनाए रखता है और दर्द व सूजन में राहत देता है।
लहसुन का टुकड़ा लगाएं
लहसुन का एक छोटा टुकड़ा छाले पर कुछ सेकंड रखें। इसके एंटीसेप्टिक गुण संक्रमण को रोकते हैं।
एलोवेरा जैल
एलोवेरा जैल को दिन में 2-3 बार छालों पर लगाएं। यह प्राकृतिक रूप से दर्द और जलन को शांत करता है।
छाछ
छाछ में एक चुटकी हल्दी मिलाकर दिन में दो बार पीने से भी राहत मिलती है। ये पेट की गर्मी को भी शांत करती है।
मुलहठी का चूर्ण
मुलहठी में मौजूद ग्लायसिरिजिन इन्फेक्शन को कम करता है। इसे पानी में मिलाकर पेस्ट बनाकर छालों पर लगाएं।
विटामिन सी से भरपूर चीजें खाएं
नींबू, आंवला, संतरा जैसी चीजें मुंह के छाले ठीक करने में मदद करती हैं, खासकर अगर वो विटामिन की कमी से हुए हों।
कुछ जरूरी सुझाव
ज्यादा मसालेदार, खट्टा या बहुत गर्म खाना न खाएं। खूब पानी पिएं, अगर छाले 10 दिन से ज्यादा रहें या बार-बार हों, तो डाक्टर से सलाह जरूर लें।