डिजिटल थकान : कारण एवं समाधान

आज का युग तकनीक का युग है और आज के इस तकनीक और डिजिटल युग में हर किसी में डिजिटल फटीग (डिजिटल थकान) तेजी से बढ़ती समस्या बनती जा रही है। दिनभर या यूं कहें कि लगातार स्क्रीन पर काम करना, बार-बार आने वाले नोटिफिकेशन, सोशल मीडिया का अत्यधिक उपयोग, ऑनलाइन बैठकों और एआई आधारित टूल्स पर बढ़ती निर्भरता के कारण लोगों में मानसिक थकान, एकाग्रता की कमी, आंखों में तनाव और चिड़चिड़ापन बढ़ रहा है। उत्पादकता बढ़ाने के लिए बनाए गए डिजिटल साधन कई बार मानसिक दबाव का कारण भी बन जाते हैं।

इसलिए स्क्रीन टाइम को नियंत्रित करना, नियमित अंतराल पर विश्राम लेना और डिजिटल संतुलन बनाए रखना आज की आवश्यकता है। तकनीक का प्रयोग जहां फायदेमंद है, वहीं इसके कई नुकसान भी हैं।

-सुनील कुमार महला, पिथौरागढ़, उत्तराखंड