PGI चंडीगढ़ ने धूम्रपान पर लगाया पूर्ण प्रतिबंध, उल्लंघन करने पर जुर्माने की चेतावनी

चंडीगढ़। केन्द्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ के मेडिकल शिक्षा एवं अनुसंधान स्नातकोत्तर संस्थान (पीजीआईएमईआर) ने एक बार फिर कैंपस में धूम्रपान पर सख्त प्रतिबंध लागू करते हुए चेतावनी दी है कि इसका उल्लंघन करते हुए पकड़े जाने वाले व्यक्ति को लागू नियमों के तहत कार्रवाई एवं जुर्माने का सामना करना पड़ेगा। संस्थान के चिकित्सा अधीक्षक की ओर से जारी परिपत्र में कहा गया कि कई बार निर्देश जारी करने के बावजूद कैंपस में धूम्रपान की घटनाएं सामने आती रहती हैं। प्रबंधन ने कहा कि संस्थान के अंदर कहीं भी धूम्रपान करना सख्त मना है। परिपत्र में सभी कर्मचारियों और हितधारकों से कानून का पूरा पालन करने का आग्रह किया गया।

परिपत्र में कहा गया कि सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान करना सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम (कोटपा), 2003 का उल्लंघन है। इससे न सिर्फ धूम्रपान करने वाले को, बल्कि अस्पताल के मरीजों, मुलाज़िमों, मरीज़ों के परिजनों तथा सिगरेट के धुएं में सांस लेने वाले अन्य लोगों की सेहत को भी नुकसान होता है। चिकित्सा अधीक्षक ने सभी विभागाध्यक्षों, खंड प्रमुखों और नियंत्रण अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने अधीन आने वाले सभी स्टाफ सदस्यों को इस प्रतिबंध से अवगत कराएं। उनसे यह भी कहा गया है कि वे पूरे संस्थान में धूम्रपान प्रतिबंध नियमों का पालन सुनिश्चित करें।

एक स्वस्थ और धुआं-मुक्त माहौल बनाए रखने के अपने संकल्प को दोहराते हुए, पीजीआईएमईआर प्रशासन ने डॉक्टरों, कर्मचारियों, छात्रों, मरीजों, तीमारदारों और आने-जाने वालों से अपील की कि वे कैंपस को साफ, सुरक्षित और तंबाकू-मुक्त रखने में सहयोग करें।