शाम छह-सुबह दस बजे तक धान कटाई पर रोक, पठानकोट में डिप्टी कमिश्नर ने जारी किए निर्देश

दिव्य हिमाचल ब्यूरो-पठानकोट

साल 2026 के धान की कटाई का सीजन शुरू हो चुका है। धान की कटाई के लिए कंबाइनों का इस्तेमाल किया जा रहा है। रात के समय कंबाइनें चलाने से जान.माल के नुकसान और सडक़ हादसों का खतरा बना रहता है। इसके अलावा रात के समय हरा और पूरी तरह से न सूखा धान काटे जाने से इसकी गुणवत्ता प्रभावित होती है और सूखने के बाद धान काला पडऩे की संभावना रहती है जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ सकता है। इसी तरह पुरानी या मैकेनिकल रूप से खराब कंबाइनों के इस्तेमाल से भी धान की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। घटिया गुणवत्ता वाले धान की खरीद में मुश्किल आने से किसानों को मंडीकरण के समय परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।

इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जिला मजिस्ट्रेट पठानकोट डा. पल्लवी, आईएएस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के तहत प्राप्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए जिला पठानकोट में शाम 6:00 बजे से सुबह 10:00 बजे तक कंबाइनों के साथ धान की कटाई पर पूर्ण पाबंदी’ लगा दी है। जिला मजिस्ट्रेट द्वारा जारी आदेशों के अनुसार धान की कटाई करने वाली कंबाइनों के मालिकों के लिए हार्वेस्टर कंबाइन का उपयोग करने से पहले कृषि विभाग के माध्यम से ऑपरेशन फिटनेस की जांच करवानी अनिवार्य होगी। इसके अलावा कोई भी कंबाइन ’सुपर एसएमएस लगाए बिना नहीं चलाई जा सकेगी।’

25 सितंबर से 24 नवंबर तक लागू

डिप्टी कमिश्नर पठानकोट द्वारा खरीफ सीजन 2026-27 के दौरान जिले में शुरू होने जा रही धान की खरीद के प्रबंधों का जायजा लेने के लिए विभिन्न संबंधित जिला अधिकारियों के साथ बैठक की गई। बैठक के दौरान मंडियों में धान की खरीद संबंधी जरूरी प्रबंध मुकम्मल करने के लिए संबंधित विभागों को उचित निर्देश जारी किए गए। डिप्टी कमिश्नर ने किसानों से अपील की, कि वे अपनी फसल को पूरी तरह सुखा कर ही मंडी में लेकर आएं, ताकि उन्हें धान की बिक्री के दौरान किसी प्रकार की मुश्किल का सामना न करना पड़े। जिले की मंडियों में किसानों की सुविधा के लिए जरूरी प्रबंध संबंधित विभागों द्वारा मुकम्मल कर लिए गए हैं।