नई दिल्ली। कांग्रेस ने मोदी सरकार के सकल घरेलू उत्पाद (GDP) वृद्धि के आंकड़ों पर सवाल उठाते हुए कहा है कि पीआर और आंकड़ों की बाजीगरी से जीडीपी दर की तस्वीर चमकाई जा सकती है, लेकिन इससे देश की अर्थव्यवस्था मजबूत नहीं हो सकती है। कांग्रेस संचार विभाग के प्रभारी जयराम रमेश ने बुधवार को सोशल मीडिया एक्स पर कहा कि मोदी सरकार अपनी टीम और मीडिया के जरिए आंकड़ों की बाजीगरी से तैयार कथित फर्जी जीडीपी वृद्धि का ढोल पीट रही है, जबकि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल उलट है।
उन्होंने कहा कि पूर्व वित्त सचिव सुभाष गर्ग ने सरकार के जीडीपी वृद्धि के दावों पर सवाल उठाते हुए वास्तविक जीडीपी वृद्धि करीब 2.6 प्रतिशत होने का आकलन किया है, जबकि सरकार ने वृद्धि दर 7.8 प्रतिशत बताई है। जयराम रमेश ने कहा कि कांग्रेस चाहती है कि देश की अर्थव्यवस्था वास्तव में मजबूत हो लेकिन इसके लिए झूठ के आधार पर गढ़े गये आंकड़ों को सजाने के बजाय सरकार को वास्तविक आर्थिक स्थिति स्वीकार कर उसमें सुधार के लिए आवश्यक कदम उठाने होंगे।
उन्होंने कहा कि युवाओं के लिए रोजगार पैदा करने, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों तथा निजी निवेश को बढ़ावा देने, मांग और आमदनी बढ़ाने तथा आर्थिक असमानता घटाने की जरूरत है। उन्होंने मित्र पूंजीपतियों को बढ़ावा देने के बजाय निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा सुनिश्चित करने की भी मांग की है। कांग्रेस नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जिस जीडीपी वृद्धि पर देशवासियों से पटाखे फोड़ने और दिवाली मनाने को कह रहे हैं, उस पर गंभीर सवाल खुद उनकी सरकार में काम कर चुके पूर्व वित्त सचिव उठा रहे हैं।