दिव्य हिमाचल ब्यूरो— नेरचौक (मंडी)
हिमाचल प्रदेश में संचालित सरकारी और निजी मेडिकल कालेजों में एमबीबीएस तथा बीडीएस कोर्स में पढ़ाई करने वाले प्रशिक्षु डाक्टर पहली सितंबर से आबंटित कालेजों में रिपोर्ट करेंगे। इस दौरान इन प्रशिक्षु डाक्टरों के डाक्यूमेंट्स वेरिफिकेशन के बाद ही एडमिशन हो पाएगी। पहली काउंसिलिंग के बाद 948 प्रशिक्षु डाक्टरों को कालेज आबंटित कर दिए गए हैं और यह नीट पेपर में किए गए स्कोर सहित च्वाइस के कालेज के आधार पर किया गया है। इस बीच अटल मेडिकल यूनिवर्सिटी में दूसरे राउंड की काउंसिलिंग के लिए भी प्रक्रिया आरंभ कर दी गई है। इसमें शामिल होने वाले छात्रों को पहली काउंसिलिंग की तरह ही निर्धारित प्रक्रिया से गुजरना होगा। इस बीेच पांच सितंबर तक खाली सीटों का ब्यौरा भी यूनिवर्सिटी के पास पंहुच जाएगा और फिर कालेज आबंटन किया जाएगा।
हिमाचल प्रदेश में संचालित मेडिकल और बीडीएस कालेजों में राज्य कोटा से 85 फीसदी सीटें ही भरी जा रही हैं, जबकि 15 प्रतिशत कोटा ऑल इंडिया का है। वर्तमान में अलॉट हुए उम्मीदवारों को पहली से तीन सितंबर तक संबंधित मेडिकल और डेंटल कालेज में शारीरिक रूप से रिपोर्टिंग कर दस्तावेज सत्यापन और प्रवेश प्रक्रिया पूरी करनी है। अटल मेडिकल यूनिवर्सिटी के एग्जामिनर एवं नेरचौक मेडिकल कालेज के प्रिंसीपल राजेश भवानी ने बताया कि पहली से तीन सितंबर को पहली काउंसलिंग के दौरान आबंटित कालेजों में प्रशिक्षु डाक्टर को रिपोर्ट करना होगा। एएमआरयू के तहत राज्य कोटा का दूसरा राउंड सोमवार से शुरू हो रहा है। नए आवेदन दो सितंबर तक लिए जाएंगे। प्रदेश में सरकारी मेडिकल कालेजों में कुल एमबीबीएस सीटें करीब 720-750 के आसपास हैं।