घास काटते समय फिसला पांव, चंबा अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद टांडा ले जाते वक्त रास्ते में तोड़ा दम
दिव्य हिमाचल ब्यूरो-चंबा
ग्राम पंचायत कुम्हारका में ढांक से गिरकर महिला की मौत हो गई। मृतका की पहचान बबली देवी उर्फ बौबी पत्नी पवन कुमार वासी गांव कुम्हारूईं डाकघर उटीप के तौर पर की गई है। पुलिस ने शव का मेडिकल कालेज में पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस ने घटना की रपट रोजनामचे में डालकर विस्तृत कारणों की जांच आरंभ कर दी है। जानकारी के अनुसार बबली देवी शनिवार सवेरे बबली देवी घास काटने के काम में जुटी हुई थी। इसी दौरान अचानक पांव फिसलने के कारण अनियंत्रित होकर गहरी ढांक में जा गिरी। बबली देवी को ढांक से गिरता देख मौके पर पहुंचे परिजनों ने तुरंत ढांक से घायलावस्था में उठाकर उपचार के लिए मेडिकल कालेज चंबा पहुंचाया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद बबली देवी को मेडिकल कालेज टांडा रेफर कर दिया गया। मगर टांडा ले जाते वक्त बबली देवी ने बाथरी के पास एंबुलेंस में दम तोड दिया।
इस पर परिजन बबली देवी की मृत देह को लेकर वापिस चंबा लौट आए। घटना की सूचना पाते ही सदर पुलिस थाना से टीम ने मेडिकल कालेज पहुंचकर शव को अपने कब्जे में ले लिया। पुलिस ने मामले की कागजी औपचारिकताएं निपटाने के साथ ही परिजनों के ब्यान दर्ज किए। फिलहाल पुलिस ने आरंभिक जांच व परिजनों के ब्यान के आधार पर इस संदर्भ में बीएनएसएस की धारा 194 के तहत कार्रवाई अमल में लाई है। एसपी चंबा विजय कुमार सकलानी ने घटना की पुष्टि करते बताया कि नियमानुसार आगामी कानूनी कार्रवाई अमल में लाने के साथ ही शव का पोस्टमार्टम करवाकर वापिसों के हवाले कर दिया गया है।
एंबुलेंस के लिए दो घंटे इंतजार का आरोप
मेडिकल कालेज की लचर स्वास्थ्य सेवाओं की शनिवार को एक बार फिर पोल खुल गई। ढांक से गिरकर गंभीर रूप से घायल महिला को टांडा ले जाने हेतु करीब दो घंटे तक एंबुलेंस का इंतजार करना पडा। परिजनों के बार-बार एंबलुेंस सेवा के लिए संपर्क करने पर कभी टायर तो कभी तेल डलवाने के बहाने बनाकर टालमटोल की गई। परिजनों ने मेडिकल कालेज प्रबंधन की कार्यप्रणाली और एंबुलेंस प्रबंधन की इस घोर लापरवाही पर कड़ा रोष जताया है। उनका कहना था कि यदि समय पर सही इलाज मिल जाता तो महिला की जान बच जाती। इसी बीच भाजपा नेता एवं जिला परिषद सदस्य राज सिंह ठाकुर ने अस्पताल पहुंचकर परिजनों को हरसंभव सहायता करने का आश्वासन दिया। ग्रामीणों ने भी राज सिंह ठाकुर के समक्ष अस्पताल की लचर व्यवस्थाओं को लेकर गहरा आक्रोश व्यक्त किया।