दीपक शर्मा—चंबा
पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा है कि 68 विधानसभा क्षेत्रों में 68 जिला बना देने पर भी कांग्रेस सत्ता से बाहर जाने से नहीं बच सकती। उन्होंने कहा कि जनगणना प्रक्रिया शुरू होने के बाद प्रशासनिक सीमाओं को फ्रीज कर दिया जाता है। बावजूद इसके आयोग गठित कर केवल राजनीतिक नफा—नुकसान देखा जा रहा है। उन्होंने सरकार की आर्थिक नीतियों पर हमला करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार वित्तीय संकट का रोना रोकर कर्मचारियों को वेतन और पेंशनभोगियों को पेंशन समय पर नहीं दे पा रही है, लेकिन राजनीतिक लाभ के लिए नए जिले बनाने की घोषणाएं कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में भाजपा की सरकार बनते ही सुक्खू सरकार द्धारा राजनीतिक बदले की भावना से लिए गए सभी 5 वर्षों के फैसलों की व्यापक समीक्षा की जाएगी और जनहित के विपरीत लिए गए निर्णयों को रदद किया जाएगा।
उन्होंने सरकार पर राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से काम करने का आरोप भी लगाया। वह शनिवार को मुख्यालय में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। जयराम ठाकुर ने देश के वर्तमान राजनीतिक हालातों पर कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था के जरिए सत्ता हासिल करने में विफल रहने वाले लोग आज देश में ऐसा माहौल खडा करने का प्रयास कर रहे हैं, जिससे प्रतीत होता है कि इनका लोकतंत्र पर से भरोसा ही समाप्त हो चुका है। उन्होंने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का जिक्र करते हुए कहा कि उनकी मानसिकता और कार्यशैली में घोर हताशा व निराशा झलकती है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी को यह अहसास हो चुका है कि वे लोकतांत्रिक तरीके से सत्ता में वापस नहीं आ सकते। इसलिए वे देश में अराजकता का माहौल बनाकर लोकतांत्रिक रूप से चुनी हुई सरकार को अस्थिर करने का प्रयास कर रहे हैं। जयराम ठाकुर ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में राहुल गांधी का आचरण और बयानबाजी यह दर्शाती है कि भारतीय संस्कृति और संवैधानिक मूल्यों के प्रति उनकी कोई निष्ठा नहीं है। राहुल गांधी की सोच में नक्सली मानसिकता का प्रभाव परिलक्षित होता है और ऐसा लगता है जैसे वे बांग्लादेश जैसे हालात भारत में पैदा करने की कल्पना कर रहे हों।
राहुल गांधी का संसद के भीतर और बाहर के व्यवहार से साफ है कि हताशा उनके दिलो-दिमाग पर इस कद्र हावी हो चुकी है कि वे उससे बाहर नहीं निकल पा रहे हैं। उन्होंने प्रदेश की सुक्खू सरकार पर हमला बोलते हुए मुख्यमंत्री कार्यालय की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री कार्यालय में तैनात अधिकांश उच्च और नजदीकी अधिकारी ऐसे हैं जिनकी विश्वसनीयता पर बडे सवालिया निशान हैं और जिनके खिलाफ भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगते रहे हैं, वही लोग पूरी सरकार का संचालन कर रहे हैं। उन्होंने टिकट वितरण और स्थानीय स्तर पर असंतोष के सवालों पर स्पष्ट किया कि भाजपा एक लोकतांत्रिक पार्टी है जहां टिकट मांगने का अधिकार सबको है, लेकिन अंतिम निर्णय पार्टी का केंद्रीय संसदीय बोर्ड व राष्ट्रीय नेतृत्व करता है। उन्होंने विश्वास जताया कि संगठनात्मक कमियों को दूर कर आगामी चुनावों में भाजपा चंबा की सभी पांचों विधानसभा सीटों पर विजय प्राप्त करेगी। इस मौके पर राज्यसभा सांसद हर्ष महाजन, विधायक विपिन परमार, डा. हंसराज, डा. जनकराज, पूर्व विधायक पवन नैय्यर व भाजपा जिला अध्यक्ष धीरज नर्याल सहित कई भाजपाई मौजूद रहे।