विशेष

Divya Himachal Survey : हिमाचल में नए पेट्रोल ने किया गाडिय़ों का कबाड़

By: Jul 12th, 2026 10:29 pm
Divya Himachal Survey:

दिव्य हिमाचल सर्वे में 84 प्रतिशत लोगों ने माना, ई-20 पेट्रोल से इंजन, माइलेज और पिकअप पर बुरा असर, 10 प्रतिशत ने हां में दिया जवाब

जीवन ऋषि

देश में मौजूदा समय में ई-20 पेट्रोल बेचा जा रहा है, जिसमें 20 प्रतिशत इथेनॉल और 80 फीसदी सामान्य पेट्रोल का मिश्रण है। कुछ चुनिंदा जगहों पर ई- 85 की भी शुरुआत की गई है। देश भर में चर्चा है कि क्या ई-20 पेट्रोल से गाडिय़ों को नुकसान हो रहा है। दिव्य हिमाचल मीडिया हाउस ने अपने इस बार के साप्ताकि सर्वे में इसी से जुड़ा सवाल जनता से पूछा। सवाल इस प्रकार था। ‘क्या नए पेट्रोल से आपका वाहन कमजोर हो रहा है?’ सर्वे में 84 प्रतिशत लोगों ने दोटूक कहा कि नए पेट्रोल से गाडिय़ों पर बुरा असर हो रहा है। इससे कई गाडिय़ों की पिकअप, माइलेज कमजोर होने के साथ-साथ इंजन भी कबाड़ होने को है।

महज दस प्रतिशत लोगों ने नहीं के विकल्प पर लाइक देकर ई-20 पेट्रोल को हरी झंडी दी, जबकि छह परसेंट ने पता नहीं कहकर सवाल को परे कर दिया। सर्वे में कुल 1800 लोगों ने हिस्सा लिया, जिनमें दिव्य हिमाचल टीवी के फेसबुक पेज पर सबसे ज्यादा एक हजार रिएक्शन मिले, तो यूट्यूब चैनल पांच सौ से ज्यादा लोगों ने अपनी राय दी, वहीं न्यूज वेबसाइट दिव्य हिमाचल डॉटकॉम पर भी लोगों ने खूब रिएक्ट किया। कुल मिलाकर ज्यादातर लोगों ने माना कि ई-20 पेट्रोल व्हीकल फ्रेंडली नहीं है।

माइलेज घटी, इंजन कमजोर, पिकअप स्लो

सर्वे के कमेंट सेक्शन में दिव्य हिमाचल टीवी के फेसबुक पेज पर हर्ष ठाकुर ने लिखा कि 22 तक मिलने वाली माइलेज अब 12 किलोमीटर प्रति लीटर रह गई है। कुशल शर्मा का कहना था कि उनके पास आल्टो-800 है। इसकी माइलेज 20 से घटकर 13 किमी/लीटर रह गई है। पंकज ने कहा कि उनकी गाड़ी की आवाज ही बदल गई है। अमित ने लिखा कि इंजन कमजोर और पिकअप धीमी हो गई है। ठाकुर अभिषेक का कमेंट था कि महज तीन बार ई-20 पेट्रोल गाड़ी में डाला है, लेकिन एवरेज 18 से घटकर 12 रह गई है।

किसी को अंधभक्ती दिखी, किसी को एजेंडा

मोहम्मद सादिक नामक फेसबुक यूजर ने तंज कसते हुए लिखा कि हिमाचल में दिक्कत नहीं होनी चाहिए, क्योंकि यहां अंधभक्तों की संख्या ज्यादा है। राहुल ने लिखा कि उनकी गाड़ी में चार किलोमीटर/लीटर का अंतर आया है, मोदी सरकार ने जीना मुश्किल कर दिया है। मान सिंह ने लिखा कि सब सुनी सुनाई खबरें चला रहे हैं, मेरे पास 30 साल पुरानी गाड़ी है, जो पहले भी 20 की एवरेज देती थी,्र अब भी। यह सिर्फ सरकार के खिलाफ एजेंडा है। राजपूत वीरेन ने कहा कि उनकी बाइक का इंजन खराब हो गया है।

पर्यावरण और किसानों को फायदा

केंद्र सरकार की ओर कहा गया है कि ई-20 पेट्रोल से पर्यावरण को लाभ मिलता है। इससे विदेशों पर निर्भरता कम होगी। पेट्रोल में इथेनॉल मिलाने से कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम होगी। देश की विदेशी मुद्रा बचेगी । किसानों को इससे सीधा लाभ मिलेगा। इन तर्कों के बीच लोगों के एक बड़े वर्ग का मानना है कि ई-20 पेट्रोल तभी सही मायनों में फायदा देगा, जब गाडिय़ों के इंजन इसी के अनूरूप बनाए जाएंगे। अभी ज्यादातर गाडिय़ों में सिर्फ पेट्रोल और डीजल का आप्शन है।


Keep watching our YouTube Channel ‘Divya Himachal TV’. Also,  Download our Android App or iOS App