हिमाचल में भी हो शराबबंदी

ठाकुर तारा, सुंदरनगर पहाड़ी राज्य हिमाचल एक बेहद ही शांति प्रिय प्रदेश है, लेकिन यह बात चिंतनीय है कि नशे की बदौलत पहाड़ में भी अपराध ने पैर पसार लिए हैं। शराब हिमाचल प्रदेश में महंगी होने पर भी खूब बिक रही है। राज्य सरकार को इससे…

गगल में गंदगी का आलम

कनिका शर्मा, गगल संपूर्ण स्वचछता के दावे कांगड़ा ब्लॉक में हवा साबित हो रहे हैं। आलम यह है कि यहां पर जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। ब्लॉक की सबसे बड़ी पंचायत गगल का हाल भी कुछ ऐसा ही है। पंचायत के सभी वार्डगंदगी के ढेरों से भरे…

मकरोटी में कचरे की आफत

- मनोज कुमार, मकरोटी, शाहपुर स्वच्छता अभियान को आंखें दिखाकर हमने अपनी सहूलियत के हिसाब से सड़कों के किनारों, नालों, गलियों में कचरा फेंकना जारी रखा है। कचरे की समस्या से परेशान शाहपुर विधानसभा का मकरोटी गांव भी अब शिकायत करने निकला है, तो…

बायोपिक फिल्मों की बढ़ती मांग

- नितेश कुमार सिन्हा वर्तमान में बॉलीवुड बायोपिक फिल्में बनाने में काफी दिलचस्पी दिखा रहा है और ये फिल्में दर्शकों को खूब पसंद भी आ रही हैं। फिल्म बनाने का क्रेज कुछ पुराना है, परंतु समय के अनुसार फिल्मों में परिवर्तन अवश्य ही देखा गया है?…

अपर खोली में जल संकट

गर्मियों के आगमन को जल संकट के संदर्भ में देखा जाए, तो कोई अतिशयोक्ति नहीं होगी। जिस हिमाचल की पहचान ही नदियों, झीलों, झरनों से हमें करवाई गई हो, वहां पानी की समस्या का होना सच में अचंभित करने वाला विषय है। कांगड़ा की निकटवर्ती पंचायत अपर…

जल बचेगा, तो भविष्य रहेगा

लक्की, रोहड़ू, शिमला जल ही जीवन है, यह बात सब जानते हैं। यद्यपि आज हम ऐसे समाज में निर्वहन कर रहे हैं, जहां हम जल के संरक्षण के लिए सिर्फ अपने व्याख्यान प्रस्तुत करते हैं, फिर चाहे पर्यावरण संरक्षण की बात हो या फिर जल संरक्षण की।…

चौंधा में गंदगी का आलम

मनीषा, चौंधा, कांगड़ा स्वच्छता के संदर्भ में प्रशासन ने कई गांवों-शहरों को डस्टबिन्स से सुसज्जित कर दिया, परंतु इसी मुहिम में कौन पीछे छूट गया है, इसका जायजा लेने की फुर्सत किसी को नहीं। इसी परिप्रेक्ष्य में कांगड़ा उपमंडल की ग्राम…

सुख-दुख जीवन के पहलू

प्रेमचंद माहिल, भोरंज ‘दिव्य हिमाचल’ में ‘आप कितने सुखी हैं’ लेख पढ़ने को मिला। विचार सराहनीय हैं, परंतु मेरे विचार से इस संसार में सुखी वही इनसान है, जिसे आप पूछते नहीं। कुछ लोगों के लिए आप सोचते होंगे कि वे सुखी हैं, परंतु जब उनसे…

पथभ्रष्ट होते बच्चे

राजेश कुमार चौहान हरियाणा के सोनीपत में 11वीं कक्षा के एक छात्र ने अपनी अंग्रेजी की अध्यापिका पर चाकू से हमला कर दिया। यह घटना बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। ऐसे में शिक्षक अपने विद्यार्थियों को सही मार्ग पर लाने के लिए कैसे सख्ती दिखा…

समाज को बर्बाद करता नशा

डा. ओपी शर्मा, शिमला हिमाचल प्रदेश सारे विश्व में अपनी विशेषताओं के लिए पहचाना जाता है, परंतु गत वर्षों में कुछ दुष्ट लोगों द्वारा ऐसे कुकर्म किए गए हैं कि इसे शर्मसार होना पड़ा है। और तो और, प्रदेश में नशे के व्यापार ने युवा पीढ़ी को…

मानसून और विभागीय लापरवाही

राजेश कुमार चौहान मानसून हर साल देश के कुछ राज्यों में आफत बनता है। कभी-कभी तो सड़कों-गलियों में बारिश का पानी इस कद्र बढ़ जाता है कि यह लोगों की जान पर भी भारी पड़ जाता है। खासतौर पर स्कूल जाने वाले बच्चों के लिए बरसात भारी आफत बन…

बढ़ती आत्महत्याएं चिंताजनक

जीवन धीमान, नालागढ़ आज के नौजवानों में सहनशीलता खत्म होती जा रही है। दिन-प्रतिदिन आत्महत्याओं का सिलसिला बढ़ता जा रहा है। इसका मुख्य कारण है मां-बाप का बच्चों के साथ अच्छा तालमेल न होना। आखिर क्यों बच्चे अपनी जिंदगी से बोझिल होने लगे…

ठगी से परेशान ऊना की जनता

पवन कुमार शर्मा, ऊना प्रदेश के ऊना जिले के अंब उपमंडल, गगरेट, गोंदपुर, बनेहड़ा, दौलतपुर चौक में गत माह एसबीआई एटीएम से कई गरीब लोगों के पैसे निकाले जा चुके हैं। ठगी से परेशान लोग जब अपनी समस्या बैंक में लेकर जाते हैं, तो न बैंक उन…

क्यूबा से सीख ले भारत

नरपत दान चारण स्वास्थ्य सेवा में भारत की स्थिति कमजोर है। अस्पताल खुद बीमार पड़़े हैं। ऐसे में भारत को बेहतर हेल्थ सर्विस के लिए क्यूबा जैसे सीमित संसाधनों वाले छोटे से देश की तरह कार्य करने की जरूरत है, जिसने अपनी चिकित्सा एवं…

‘मृत्युभोज’ न करें

प्रेमचंद माहिल, भोरंज कुछ दिन पहले दिव्य हिमाचल के इसी पन्ने पर ‘मृत्युभोज कितना सार्थक’ लेख पढ़कर मन अति प्रसन्न हुआ। यह निष्कर्ष रहित विषय है कि मृत्यु के बाद किया गया दान मृतप्राणी को ही मिलता है। कुछ लोग इसके समर्थक हैं और कुछ…