माता बगलामुखी मंदिर

हिमाचल प्रदेश में कई धार्मिक स्थल होने के कारण ही इसे देवभूमि कहा जाता है। ऐसे तो हिमाचल प्रदेश में कई धार्मिक स्थल हैं, लेकिन वनखंडी स्थित माता बगलामुखी की अलग ही पहचान है। माता बगलामुखी का मंदिर ज्वालामुखी से 22 किलोमीटर दूर वनखंडी…

मन की अवस्था

ओशो बुद्ध की यह कथा बताती है कि जब मन का कोलाहल थम जाता है, तो सभी प्रश्न उत्तर में परिणत हो जाते हैं। एक दिन एक जिज्ञासु व्यक्ति मौलुंकपुत्र भगवान बुद्ध के पास आया। वह स्वयं विद्वान था और अपने पांच सौ शिष्यों के साथ आया। उसके पास बुद्ध से…

दयालु नन्हीं लड़की की कहानी

एक समय की बात है कि एक गांव में एक बहुत उदार तथा दयालु नन्हीं लड़की रहती थी। वह थी तो अनाथ, पर ऐसा लगता था जैसे सारा संसार उसी का है। वह सभी से प्रेम करती थी और दूसरे सब भी उसे बहुत चाहते थे। पर दुख की बात यह थी कि उसके पास अपने रहने के लिए…

मानव मुक्ति का मार्ग

सद्गुरु जग्गी वासुदेव अपने जीवन में और खास तौर पर अपने बच्चों के जीवन में ध्यान देने की प्रवृत्ति लाना बहुत महत्त्वपूर्ण है। आखिर में बात चाहे आध्यात्मिक हो या सांसारिक दुनिया से आप को उतना ही मिलता है जितना आप ध्यान देने को तैयार…

प्रभु पूजा में असल भेंट

बाबा हरदेव प्रायः कहा जाता है कि यदि प्रभु की सही अर्थों में पूजा करनी है, तो हमें ऐसी कोई वस्तु प्रभु को भेंट करनी चाहिए,जिसे हम अपना कह सकें। वास्तव में हमारे पास जो कुछ भी है वह परमात्मा का दिया हुआ है। अतः अब जो हमारा अपना है ही…

सायं संध्या के बाद ही तुरीय संध्या करें

उपर्युक्त पांचों काल काम्य कर्मों की विविध साधनाओं और आम्नायों के अनुसार कर्मभेद का सूचन करते हैं। महर्षियों का कथन है कि संध्या में काललोप का उतना दोष नहीं लगता जितना कि क्रियालोप करने से लगता है। इसलिए विशेष कारणवश अथवा परिस्थितिवश यदि…

किसी अजूबे से कम नहीं हैं महाभारत के पात्र

लेकिन कर्ण एक सूत का पुत्र था, फिर भी यह जानते हुए कि परशुराम केवल ब्राह्मणों को ही अपनी विद्या दान करते हैं, कर्ण ने छल करके परशुराम से विद्या लेने का प्रयास किया। परशुराम ने उसे ब्राह्मण समझ कर बहुत सी विद्याएं सिखाईं, लेकिन एक दिन जब…

जस्टिस बेग बारात लौटाने को तैयार हो गए

सौंदर्य के क्षेत्र में शहनाज हुसैन एक बड़ी शख्सियत हैं। सौंदर्य के भीतर उनके जीवन संघर्ष की एक लंबी गाथा है। हर किसी के लिए प्रेरणा का काम करने वाला उनका जीवन-वृत्त वास्तव में खुद को संवारने की यात्रा सरीखा भी है। शहनाज हुसैन की बेटी नीलोफर…

वेदांत की शिक्षा

स्वामी विवेकानंद गतांक से आगे... प्रचार कंपनी के तत्वावधान में प्रचार देना यद्यपि आर्थिक दृष्टि से पर्याप्त लाभदायक था,लेकिन स्वामी जी को यह नहीं सूझा। उन्होंने घोषणा की कि भविष्य में वे बिना कुछ शुल्क लिए ही व्याख्यान तथा उपदेश करेंगे।…

जीवन का लक्ष्य

श्रीश्री रवि शंकर बहुधा सम्मान देने अथवा प्राप्त करने के लिए एक दूरी की आवश्यकता होती है। क्योंकि हम अपने निकट के लोगों को गंभीरता से नहीं लेते हैं। जो अपने हैं उनकी अवहेलना कर हम उनकी बातों पर ध्यान नहीं देते हैं। अर्थात सम्मान, अपनापन कम…

अनंत चेतना का केंद्र

श्रीराम शर्मा मनुष्य के अस्तित्व पर गंभीरतापूर्वक विचार किया जाए, तो उसकी एकमात्र विशेषता उसका मनोबल ही दृष्टिगोचर होती है। शरीर की दृष्टि से वह अन्य प्राणियों की तुलना में बहुत गया गुजरा है। मनोबल की विशेषता के कारण ही वह सृष्टि का…

उपहार का अस्वीकार

जेन कहानियां एक महान योद्धा था। वह वृद्ध हो चुका था,मगर चुनौती का सामना करने का उसमें अब भी दम-खम था। देश भर में फैली ख्याति के कारण उसके पास शिष्यों की भीड़ लगी रहती थी। एक दिन गांव में कोई अज्ञात योद्धा आया। उसने वृद्ध गुरु को पराजित…

व्रत एवं त्योहार

26 जनवरी रविवार, माघ, शुक्लपक्ष, द्वितीया, पंचक प्रारंभ 27 जनवरी सोमवार, माघ, शुक्लपक्ष, तृतीया 28 जनवरी मंगलवार, माघ, शुक्लपक्ष, तृतीया, गौरी तृतीया 29 जनवरी बुधवार, माघ, शुक्लपक्ष, चतुर्थी 30 जनवरी बृहस्पतिवार, माघ, शुक्लपक्ष,…

तिब्बत में छिपा है तंत्र ज्ञान

वास्तव में वह बहुत ही खूबसूरत गोम्फा था। स्थान-स्थान पर भगवान बुद्ध की आदमकद मूर्तियां बनी थीं। यहां-वहां अनेक लामा दिखे। सिर से कान तक लंबी टोपियां, वही रंग-बिरंगे लंबे चोगे, लगभग सभी के हाथों में धर्म चक्र घूमता हुआ। गोम्फा में ‘ओम पद्मे…

विवाद से परे है ईश्वर का अस्तित्व

इन ग्रंथियों की हलचल, शरीर-संस्थान में उनकी भूमिका पर अभी तक किसी का ध्यान नहीं गया है। अवयवों की प्रत्यक्ष हलचलें ही शरीर विज्ञान की शोध का विषय रही हैं। अब तक जो शोधें हुई हैं, उनमें यह प्रत्यक्ष ही मूलभूत आधार है। इसलिए समझा जाता है कि…