फीस वृद्धि-नए टाइम टेबल के विरोध में लॉ फैकल्टी में प्रदर्शन

By: Aug 11th, 2026 12:01 am

स्टाफ रिपोर्टर-शिमला

हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (एचपीयू) की लॉ फैकल्टी में सोमवार को फीस वृद्धि, नई समय-सारणी और एससीए चुनाव बहाल करने की मांग को लेकर छात्रों ने प्रदर्शन किया। एसएफआई की एचपीयू इकाई के नेतृत्व में छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और मांगों को जल्द पूरा करने की मांग उठाई। प्रदर्शन के दौरान रोहित ने कहा कि विश्वविद्यालय में लगातार फीस बढऩे से शिक्षा गरीब और सामान्य परिवारों के विद्यार्थियों की पहुंच से दूर होती जा रही है। अकादमिक फीस के साथ परीक्षा शुल्क, हॉस्टल फीस, बस किराया और थीसिस सबमिशन फीस समेत विभिन्न मदों में शुल्क बढ़ाया जा रहा है। इसका सबसे ज्यादा असर आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों पर पड़ रहा है।

वहीं, पोविंदर ने नई समय-सारणी का विरोध करते हुए कहा कि लगातार कक्षाओं और व्यस्त शेड्यूल के कारण विद्यार्थियों को स्व-अध्ययन के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल रहा है। लॉ के विद्यार्थियों को केस लॉ, किताबों, असाइनमेंट और अन्य अध्ययन सामग्री के लिए अतिरिक्त समय की जरूरत होती है। उन्होंने मांग की कि विद्यार्थियों की शैक्षणिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए टाइम टेबल में बदलाव किया जाए। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में छात्र संघ चुनाव विद्यार्थियों की लोकतांत्रिक आवाज और प्रतिनिधित्व का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।

एससीए चुनाव बहाल करने की उठाई मांग

प्रदर्शनकारियों ने एससीए चुनाव तत्काल बहाल करने की मांग भी उठाई। उन्होंने कहा कि छात्र संघ चुनाव विद्यार्थियों की लोकतांत्रिक आवाज और प्रतिनिधित्व का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। एसएफआई ने फीस वृद्धि वापस लेने, नई समय-सारणी संशोधित करने और एससीए चुनाव बहाल करने की मांग की। एसएफआई ने चेतावनी दी कि मांगों पर जल्द सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो छात्र समुदाय को लामबंद कर आंदोलन को और तेज किया जाएगा। प्रदर्शन में एसएफआई एचपीयू इकाई के अध्यक्ष आशीष चौहान, इकाई सचिव मुकेश कुमार सहित अन्य विद्यार्थी मौजूद रहे।


Keep watching our YouTube Channel ‘Divya Himachal TV’. Also,  Download our Android App or iOS App