आस्था

श्रीराम शर्मा मनुष्य की आंतरिक अभिव्यक्ति, उसके काम करने की लगन और भावना से ही परखी जा सकती है। कर्म का सुख वस्तुतः उसकी लगन, भावना और निष्ठा में ही है। इस तरह संपन्न किए गए कर्म प्रफुल्लता दे जाते हैं, किंतु अनुत्साहपूर्वक काम करने से निराशा, क्षोभ और असफलता ही हाथ लगती है। काम

8 जनवरी रविवार, पौष, शुक्लपक्ष, दशमी- एकादशी, पुत्रदा एकादशी व्रत 9 जनवरी सोमवार, पौष, शुक्लपक्ष, द्वादशी पुत्रदा एकादशी व्रत (वैष्णव) 10 जनवरी मंगलवार, पौष , शुक्लपक्ष, त्रयोदशी, भौम प्रदोष व्रत 11 जनवरी बुधवार, पौष, शुक्लपक्ष, चतुर्दशी, श्रीसत्यनारायण व्रत 12 जनवरी बृहस्पतिवार, पौष, शुक्लपक्ष, पौष-पूर्णिमा, माघ स्नान प्रारंभ 13 जनवरी शुक्रवार, पौष, कृष्णपक्ष, प्रथमा, लोहड़ी पर्व