वरिष्ठ स्कूल एथलेटिक्स-2019

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक जब किशोर अवस्था से युवा अवस्था की ओर आप अग्रसर हो रहे होते हैं तो इस समय हमारी शारीरिक क्षमता में काफी अंतर होता है। यह अंतर अगर छह महीने से लेकर एक वर्ष तक का हो तो भी यह खेल प्रदर्शन को काफी हद…

उत्कृष्ट खिलाडि़यों को वजीफा क्यों नहीं?

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक भारतीय खेल प्राधिकरण अपने यहां चुनिंदा प्रतिभावान खिलाडि़यों पर सालाना औसतन दो लाख रुपए प्रति खिलाड़ी खर्च करता है। खेल छात्रवासों के अधिकतर खिलाड़ी हिमाचल को राष्ट्रीय स्तर पर पदक देने की बात तो…

खेल में है स्वस्थ पीढ़ी का भविष्य

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक इसमें कोई संदेह नहीं कि ओलंपिक खेलों की लोकप्रियता बढ़ने के साथ-साथ खेलों में राष्ट्रीयता की भावना में बढ़ोतरी हुई है। आज अधिक से अधिक देश ओलांपिक खेलों में भाग ले रहे हैं। इसके…

अंतरराष्ट्रीय वालीबाल प्रशिक्षक विद्यासागर

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक 20 जुलाई, 1945 को हमीरपुर जिला के भरेड़ी डाकघर के खरीयंणी गांव में स्वर्गीय दुर्गा राम शर्मा व सैना देवी शर्मा के घर जन्मे इस हमेशा हंसमुख, जिंदा दिल इनसान व भारत के बेहतरीन वालीबाल प्रशिक्षक…

हिमाचल विश्वविद्यालय एथलेटिक्स 2019

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला की कनीजों ने पांच हजार व दस हजार मीटर की दौड़ को सम्मानजनक समय में दौड़ते हुए धर्मशाला को दो स्वर्ण पदक दिलाए। इन चार मध्य व लंबी दूरी की स्पर्धाओं में हिमाचली…

स्प्रिंटर पुष्पा ठाकुर से बबीता ठाकुर तक

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हिमाचल के धावकों व धाविकाओं ने राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लंबी व मध्य दूरी की दौड़ों में काफी नाम कमाया है, मगर तेज गति की दौड़ों में हिमाचल को काफी पिछड़ा माना जाता था। कई बार तो…

जूडो के द्रोणाचार्य जीवन शर्मा

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक अंब उपमंडल के पोलिया पुरोहिता गांव के जीवन शर्मा आज देश के सबसे बड़े प्रतिष्ठित प्रशिक्षकों के पुरस्कार द्रोणाचार्य अवार्ड से सम्मानित हैं। इनके पिता भारतीय सेना में नौकरी में होने के कारण इनकी…

साई छात्रावास निर्माण में सहयोग करें 

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक 1982 एशियाई खेलों के लिए बने स्टेडियमों के रखरखाव के लिए बने भारतीय खेल प्राधिकरण में राष्ट्रीय क्रीड़ा संस्थान का विलय हो जाने के बाद अब देश में खेलों की सबसे बड़ी संस्था साई ही है। भारतीय खेल…

हिमाचल में फुटबाल का सफर 

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक फुटबाल संघ का इतिहास 1974 से हिमाचल में शुरू होता है जब सुकेत के राजा ललित सेन को अध्यक्ष तथा चेतराम वर्मा को महासचिव बनाया गया था। इसी वर्ष एएन तिवारी की कप्तानी में हिमाचल प्रदेश की टीम ने रोजर…

हिमाचल के नौनिहालों का मार्गदशर्क क्यों नहीं? 

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक केंद्रीय विभाग व अन्य राज्यों में खेल आरक्षण से नौकरी लगे खिलाडि़यों को कम से कम नौकरी प्राप्त करने के बाद अगले पांच वर्षों तक अपने विभाग व देश के लिए खेलना अनिवार्य होता है। मगर हिमाचल में ऐसा…

हिमाचल खेल प्राधिकरण कब बनेगा?

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक राज्य खेल परिषद की तरह हिमाचल प्रदेश युवा बोर्ड का भी गठन होता है। हिमाचल प्रदेश में पिछले दो दशकों से खेल प्राधिकरण गठन की घोषणा तो जरूर की थी, मगर सत्ता में आने के बाद फिर खेल प्राधिकरण पर…

बू्रस ली बनाने का गोरख धंधा

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक राष्ट्रीय स्तर की इन प्रतियोगिताओं में एक ही मोहल्ले के खिलाड़ी किसी राज्य की टीम हो जाते हैं। इस गोरख धंधे का अध्ययन जब किया गया तो पता चलता है कि देश के विभिन्न राज्यों के शहरों व गांवों में…

अंतरराष्ट्रीय खेल जगत में हिमाचल

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक सितंबर में होने वाली विश्व मुक्केबाजी चैंपियनशिप में हिमाचल का यह गबरू भारत का प्रतिनिधित्व करता नजर आएगा। सेना की तरफ से खेलते हुए चंबा के बकलोह निवासी वीएस थापा ने ओलंपिक तक मुक्केबाजी…

शारीरिक शिक्षकों के पर्याप्त पद हों

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक्स प्रशिक्षक शारीरिक शिक्षा के प्राध्यापकों का कार्य तीन कक्षाओं में शारीरिक शिक्षा पढ़ाना, अंतर महाविद्यालय खेलों के लिए टीमों का प्रबंधन करने के साथ-साथ स्टोर कीपर व लिपिका कार्य भी स्वयं ही करना होता है।…

हिमाचल में भी हों हरियाणा जैसे स्कूल

भूपिंदर सिंह राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हरियाणा के सोनीपत जिला के खरखौदा में प्रताप सिंह स्मारक वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के पास जहां सभी इंडोर खेलों के लिए आधारभूत ढांचा है, वहीं पर इस स्कूल के पास विभिन्न खेलों के पचास प्रशिक्षक भी…