खेलो इंडिया तक हिमाचली बालाएं

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं अब भारत सरकार के खेल मंत्रालय ने खेलो इंडिया नामक योजना के अंतर्गत प्रतिभा खोज से चयनित लगभग एक हजार किशोर खिलाडि़यों को विभिन्न खेलों के लिए हर वर्ष चिन्हित कर, उन्हें अगले आठ वर्षों…

गैर मान्यता प्राप्त खेल प्रतियोगिताएं

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं देश व प्रदेश में खेल प्रतियोगिताएं आयोजित करवाने वाले तीन संस्थान हैं। देश में खेल मंत्रालय से मान्यता प्राप्त खेल महासंघ ही उस खेल के प्रचार, प्रसार, नियम व प्रतियोगिता आयोजन के लिए…

कब रुकेगा प्रतिभा का पलायन

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं हिमाचल खेल विभाग कब अपने खिलाडि़यों के जायज हक के लिए इनाम बांट समारोह का आयोजन कर उन्हें सम्मानित करने जा रहा है। राज्य के कई कनिष्ठ खिलाड़ी जो भविष्य के स्टार पदक विजेता हो सकते हैं,…

शिक्षा व खेल विभाग में समन्वय जरूरी

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं खेलों के लिए खेल संविधान धन का प्रावधान खेल विभाग के पास है, खिलाड़ी विद्यार्थी राज्य शिक्षा विभाग के विद्यालयों में है तथा खेलों की मान्यता प्राप्त खेल प्रतियोगिताओं के आयोजन व उनके…

एशियाई खेलों के प्रशिक्षण में हिमाचली

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं राज्य के चुनिंदा प्रशिक्षक जब दृढ़ संकल्प होकर हिमाचली प्रतिभाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर तक तैयार कर रहे हैं, तो राज्य में कार्यरत प्रशिक्षकों व शारीरिक शिक्षकों से भी अपेक्षा की जाती है…

स्कूली खेलों को बढ़ावा कब ?

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं पिछले कई दशकों से बंद पड़े ड्रिल के पीरियड को अभी तक सुचारू रूप से शुरू नहीं किया जा सका है। राज्य में स्कूली क्रीड़ा संगठन को मजबूत बनाकर ही हम राज्य के विद्यालयों में पढ़ रहे लाखों…

हिमाचल में एथलेटिक्स का सफर

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं राज्य में इस समय धर्मशाला व हमीरपुर में दो जगह सिंथेटिक ट्रैक बनकर तैयार हैं तथा बिलासपुर व शिलारू में निर्माणाधीन हैं। राज्य में इस समय कई एथलेटिक्स प्रशिक्षक व शारीरिक शिक्षक कई जगह…

उत्कृष्ट प्रदर्शन के बाद भी इनाम कम क्यों?

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं इसी तरह राष्ट्रमंडल खेलों के विजेता को डेढ़ करोड़, उपविजेता को 75 लाख, तीसरे स्थान पर आने वाले को पचास लाख रुपए तथा क्वालिफाई कर देश का प्रतिनिधित्व करने पर साढ़े सात लाख रुपए का नकद…

खेल आरक्षण से नौकरी पाए, खेलों से दूर क्यों

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं पड़ताल करने के बाद जो बातें सामने आई हैं, उनमें पहला कारण है अधिकतर खिलाड़ी जुगाड़ लगाकर तीन राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में हिमाचल का प्रतिनिधित्व कर खेल आरक्षण के हकदार तो बन जाते हैं,…

राज्य में खेल मैदानों की बर्बादी क्यों?

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं धर्मशाला का पुलिस मैदान खेल विभाग व पुलिस के बीच होने के कारण यहां पर नया तो कुछ हो नहीं पाया, उल्टा साथ लगती बास्केट फील्ड पर पुलिस के आला अधिकारी की रिहायशी कोठी जरूर बन गई है। पहाड़…

राज्य में खेलों की जिला प्रतियोगिताएं क्यों नहीं?

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं हिमाचल प्रदेश में अधिकतर खेल संघ अपनी जिला स्तरीय खेल प्रतियोगिता केवल कागजों में ही करवा कर उस मामूली से अनुदान को जरूर प्राप्त कर लेते हैं। फुटबाल, एथलेटिक में कई जिलों में तो…

प्रदेश में रहकर क्यों नहीं आ रहे उत्कृष्ट परिणाम

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं राज्य में धर्मशाला व बिलासपुर खेल छात्रावासों के कारण कबड्डी में हिमाचल को राष्ट्रीय ही नहीं अपितु अंतरराष्ट्रीय स्तर के विजेता खिलाड़ी मिले हैं। इस सबके पीछे खेल छात्रावासों में…

हिमाचल कब बना रहा है हरियाणा जैसी खेल नीति

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं हरियाणा में खेलों के लिए काफी कुछ हुआ। वर्ष 2010 के राष्ट्रमंडल खेलों के समय तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपिंद्र सिंह हुड्डा ने पदक विजेताओं के लिए करोड़ों तक नकद इनाम तथा सरकारी नौकरियों में…

हिमाचल में खेल वातावरण कब तक

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं राज्य में खेल संस्थान की मांग पिछले एक दशक से हो रही है, ताकि उसमें प्रशिक्षण दिलाने वाले प्रशिक्षकों को पंजाब व अन्य राज्यों की तरह अनुबंधित किया जा सके। ये ही यहां खोजे गए किशोर…

राष्ट्रमंडल खेलों में हिमाचली सपूत का पदक

भूपिंदर सिंह लेखक, राष्ट्रीय एथलेटिक प्रशिक्षक हैं राष्ट्रीय टीम  के हिमाचल प्रदेश से विकास ठाकुर एकमात्र खिलाड़ी हैं, जो 2018 राष्ट्रमंडल खेलों में भाग लेकर देश के लिए पदक जीत चुके हैं। अन्य राज्यों की तरह हिमाचल को भी चाहिए कि वह अपने…