पीके खुराना

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार कल्पनाशक्ति का प्रयोग जीवन के हर क्षेत्र में बखूबी हो सकता है। घर या दफ्तर की छोटी-छोटी समस्याओं से लेकर देश अथवा विश्व की बड़ी से बड़ी समस्या तक के हल में कल्पनाशक्ति का प्रयोग संभव है। प्रथम विश्व युद्ध के समय टॉमस एडिसन को उनके देश की सरकार ने किसानों

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार सरकारों और सामाजिक संगठनों को इसके प्रति जागरूक होकर ऐसे कार्यक्रम बनाने होंगे ताकि सफाई के अभाव के कारण असमय मृत्यु से बचा जा सके। बारह वर्ष पूर्व संयुक्त राष्ट्र संघ ने सन् 2008 को अंतरराष्ट्रीय स्वच्छता वर्ष घोषित किया था। स्वच्छ रहने के लिए साफ पानी की उपलब्धता अत्यंत आवश्यक

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार अडि़यलपन और कडि़यलपन तभी तक जायज है, जब तक वह कैद न बन जाए। इसी तरह छूट की भी एक सीमा होनी चाहिए। सीमा से बाहर का काम सदैव हानिकारक होता है। याद रखिए कार में रिवर्स गियर होता है ताकि आवश्यकता पड़ने पर हम उसका प्रयोग कर सकें, पर रिवर्स

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार हमारा मुंह सोचता नहीं है, शब्द नहीं चुनता, वाक्य नहीं घड़ता, ये सारे काम मस्तिष्क के हैं। अर्थात, हम सुनते भी दिमाग से हैं और बोलते भी दिमाग से हैं, कान सिर्फ वातावरण से आवाजें पकड़ने का यंत्र है, यह ‘रिसीवर’ मात्र है, और मुंह सिर्फ  आवाज रिलीज करने का यंत्र

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार इस समय हम लोग घर में समय बिताने के लिए विवश हैं, लेकिन इस विवशता में कुछ छिपे हुए वरदान हैं जिन्हें पहचान लें तो हमारा भावी जीवन भी सुखद हो सकता है। बहुत से लोग चूंकि घर में ही हैं, न तो उन्हें कहीं आना-जाना है, न ही उनके पास

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार परिवार से मिले संस्कारों और सीख के बाद बच्चे की औपचारिक शिक्षा की शुरुआत यहां से होती है। हमारे देश में स्कूल-कालेज की शिक्षा अधिकतर किताबी होती है और शिक्षक सिर्फ शिक्षक है। हमारे देश में ज्यादातर अध्यापकों की अपनी शिक्षा भी किताबी है, स्कूल-कालेज-यूनिवर्सिटी का पाठ्यक्रम भी किताबी है और

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार हमारे देश में गरीब होना एक अभिशाप है क्योंकि गरीबों के उत्थान के लिए कोई योजनाबद्ध सामाजिक कार्यक्रम नहीं है और बेरोजगारी भत्ता भी नहीं है, लेकिन कई परिवर्तन युगांतरकारी होते हैं और वे समूचे समाज का ढांचा बदल डालते हैं। ऐसे परिवर्तन हालांकि बहुत नहीं होते, लेकिन जब-जब होते हैं,

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार कम्प्यूटर का आविष्कार एक बड़ा मील का पत्थर था, फिर इंटरनेट ने इसमें एक और क्रांति ला दी। इसी तरह गूगल के जादुई प्रभाव ने भी हमारे कामकाज को बहुत आसान बना दिया है। गूगल को ज्यादातर लोग विश्व का सर्वाधिक उन्नत सर्च इंजन ही मानते हैं जो हमें हमारी मनचाही

पीके खुराना राजनीतिक रणनीतिकार हमारे देश में ज्यादातर अध्यापकों की अपनी शिक्षा भी किताबी है, स्कूल, कालेज, यूनिवर्सिटी का पाठ्यक्रम भी किताबी है और विद्यार्थियों की ज्यादातर शिक्षा किताबों तक सीमित रहती है। यह जानना रुचिकर होगा कि सन् 1969 में शिक्षा जगत में एक प्रयोग किया गया जिसमें यह पता लगाया गया कि किन